
मास्को : (Moscow) ईरान ने बुधवार को खाड़ी देशों काे चेतावनी दी कि वे अमेरिका को ईरान के खिलाफ हमलों के लिए अपने क्षेत्र का उपयोग करने से रोकें अन्यथा ईरान आत्मरक्षा के लिए उनके ठिकानाें काे निशाना बनाने में संकाेच नहीं करेगा। ईरान का यह भी कहना है कि पर रातोंरात अमेरिकी हमले (US strikes) संयुक्त राष्ट्र चार्टर का घोर उल्लंघन है।
प्रेस टीवी चैनल की एक रिपाेर्ट के अनुसार ईरानी विदेश मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी ने अमेरिकी सैन्य आक्रामकता के अपराध की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि ईरान एक बार फिर क्षेत्र के सभी देशों, विशेष रूप से फारस की खाड़ी के दक्षिणी तटों पर स्थित देशाें काे, ईरान के खिलाफ आक्रामक कार्रवाइयों की योजना बनाने, आयोजन करने, संचालन या समर्थन करने के लिए अमेरिकी सेना और इजराइल द्वारा अपने क्षेत्र और सुविधाओं के किसी भी उपयोग को रोकने के लिए अपनी कानूनी और नैतिक जिम्मेदारी की याद दिलाता है।
विदेश मंत्रालय ने इस बात पर जोर दिया कि वह आत्मरक्षा के अपने अधिकार का प्रयोग करने में संकोच नहीं करेगा, जिसमें हमलों के स्रोतों के साथ-साथ ईरान के खिलाफ आक्रामक अभियानों के संचालन और समर्थन के लिए उपयोग किए जाने वाले ठिकानों और रसद सुविधाओं पर हमला करना शामिल है। मंत्रालय ने अंतरराष्ट्रीय शांति और सुरक्षा की रक्षा करने और उल्लंघन करने वालों को जवाबदेह ठहराने के लिए संयुक्त राष्ट्र, इसकी सुरक्षा परिषद और महासचिव की जिम्मेदारी की ओर भी इशारा किया।
अमेरिकी मध्य सैन्य कमान (CENTCOM) ने मंगलवार की रात को कहा कि अमेरिकी बलों ने अपाचे हेलीकॉप्टर पर हमले के जवाब में ईरान के खिलाफ हमले पूरे कर लिए हैं। सेंटकॉम के अनुसार इस ऑपरेशन के दौरान होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के पास ईरानी वायु रक्षा सुविधाओं, ग्राउंड कंट्रोल स्टेशनों और निगरानी रडार स्थलों को निशाना बनाया गया।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प (US President Donald Trump) ने मंगलवार को कहा था कि ओमान के तट पर दुर्घटनाग्रस्त हुए अमेरिकी एएच-64 अपाचे हेलीकॉप्टर (American AH-64 Apache helicopter) को ईरान ने गिरा दिया है, जिसका जवाब देने के लिए अमेरिका बाध्य है। अपाचे हेलीकाॅप्टर के दोनों पायलट को बचा लिया गया है। सेंटकॉम ने इस घटना के बाद ईरान के खिलाफ जवाबी हमले शुरू करने की घोषणा की।


