
मुंबई : (Mumbai) महाराष्ट्र ने ‘पीएम कुसुम-बी’ और ‘मागेल त्याला शेततळे’ (मगेल-ए-खु) (‘PM KUSUM-B’ and ‘Magel Tyala Shet-tale’) जैसी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन से देश में सबसे ज्यादा 10 लाख 472 सोलर एग्रीकल्चर पंप लगाने का ऐतिहासिक माइलस्टोन पार कर लिया है, जो देश के कुल चालू पंपों का अकेले 64 प्रतिशत है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (Chief Minister Devendra Fadnavis) ने इस शानदार कामयाबी के लिए ऊर्जा विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव आभा शुक्ला और महावितरण के अध्यक्ष व प्रबंध निदेशक लोकेश चंद्र के नेतृत्व की सराहना करते हुए सभी को बधाई दी है; वहीं इस सूची में महाराष्ट्र के बाद हरियाणा (1.90 लाख) और राजस्थान (1.27 लाख) क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर हैं। इससे पहले महाराष्ट्र ने दिसंबर 2025 में एक ही महीने में 45,911 सोलर पंप चालू करके ‘गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स’ (‘Guinness World Records’) में भी अपना नाम दर्ज कराया था। मात्र 5 से 10 प्रतिशत के अंशदान पर किसानों को मिलने वाले इन 3, 5 और 7.5 हॉर्स पावर के सोलर पंपों से न केवल 10 लाख से अधिक किसानों को बिजली बिल से मुक्ति और दिन में निर्बाध बिजली मिली है, बल्कि सिंचाई के साथ-साथ मोबाइल व ई-व्हीकल चार्जिंग जैसी सुविधाएं भी सुलभ हुई हैं। सप्लायर एजेंसियों द्वारा 5 साल की वारंटी, मुफ्त मेंटेनेंस और प्राकृतिक आपदा व चोरी के खिलाफ इंश्योरेंस कवरेज से सुरक्षित इस योजना की शिकायतों के निवारण के लिए महावितरण ऐप, वेबसाइट और 24 घंटे काम करने वाले टोल-फ्री नंबर की व्यवस्था की गई है।


