कारागार मंत्री चंद्रनाथ सिन्हा की जमानत याचिका पर फैसला मंगलवार काे
कोलकाता : (Kolkata) शिक्षक नियुक्ति घोटाले मामले (teacher recruitment scam case) में पश्चिम बंगाल के कारागार मंत्री चंद्रनाथ सिन्हा की जमानत याचिका पर शनिवार को बैंकशाल अदालत में अहम सुनवाई हुई। हालांकि, अदालत ने निर्णय सुनाने को मंगलवार तक टाल दिया। दूसरी ओर अदालत ने ईडी से जवाब तलब किया कि मार्च 2024 में मंत्री के आवास से 41 लाख नकद, मोबाइल फोन और कई दस्तावेज बरामद किए गए थे, तो उस समय गिरफ्तारी या हिरासत की कार्रवाई क्यों नहीं की गई।
सुनवाई के दाैरान शनिवार काे विशेष न्यायाधीश शुभेंदु साहा (Special Judge Subhendu Saha) ने प्रवर्तन निदेशालय (Enforcement Directorate’s) (ED) के तर्कों पर कड़ी आपत्ति जताते हुए पूछा, “आप पिछले 11 महीनों से क्या कर रहे थे?” वहीं, ईडी के अधिवक्ता धीरज त्रिवेदी ने मंत्री को सात दिन की हिरासत में लेने की मांग करते हुए दलील दी कि बरामद नकदी और दस्तावेजों से कई संदिग्ध लिंक्स सामने आए हैं, जिनकी जांच के लिए हिरासत जरूरी है। उन्होंने यह भी कहा कि चंद्रनाथ सिन्हा राजनीतिक रूप से प्रभावशाली होने के कारण जांच में बाधा डाल सकते हैं।
हालांकि, मंत्री के वकील ने इन दलीलों का कड़ा विरोध करते हुए कहा कि देर से दस्तावेज जमा करने का आरोप निराधार है और ईडी अब अनावश्यक रूप से कार्रवाई की कोशिश कर रही है।
सुनवाई के बाद अदालत ने फैसला सुरक्षित रखते हुए कहा कि सोमवार सुबह 10:30 बजे मंत्री के वकील अपना हलफनामा दाखिल करेंगे और मंगलवार दोपहर दो बजे जमानत याचिका पर आदेश सुनाया जाएगा। अदालत से बाहर निकलते समय चंद्रनाथ सिन्हा (Chandranath Sinha) ने कहा, “न्यायपालिका पर मेरा विश्वास था, है और रहेगा।”


