-वन महोत्सव में 01 से 07 जुलाई तक चलाया जाएगा जागरूकता अभियान
-किसानों के सहयोग से वृक्षारोपण कार्यक्रम बनेगा महाभियान: सूर्य प्रताप शाही
लखनऊ : उत्तर प्रदेश में इस बार 35 करोड़ पौधरोपण कर वन विभाग पर्यावरण को ग्लोबल वार्मिंग से बचाने की पहल करेगा। वन विभिन्न विभागों से समन्वय कर वन विभाग इस लक्ष्य को पूरा करेगा।
प्रदेश में वृक्षारोपण अभियान-2023 के सफल क्रियान्वयन हेतु विभिन्न विभागों व संस्थाओं की समन्वय बैठक वन विभाग मुख्यालय के पारिजात सभागार में सोमवार को दो सत्रों में सम्पन्न हुई।
समन्वय बैठक में कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह, वन मंत्री डॉ अरुण कुमार सक्सेना, उद्यान राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दिनेश प्रताप सिंह और व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।
कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने कहा कि हम प्रदेश के ढाई करोड़ किसानों से आह्वान करते हैं, कि प्रत्येक किसान कम से कम एक पौधा अवश्य लगाये। साथ ही अपने परिवार की तरह उसकी सुरक्षा और संरक्षण भी करें। उन्होंने कहा कि वनों के क्षेत्र को बढ़ाकर हम मौसम के समय में आ रहे अप्रत्याशित बदलाव और वैश्विक रूप से हो रहे जलवायु परिवर्तन की समस्या से आसानी से निपट सकेंगे।
बैठक में वन पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ अरुण कुमार सक्सेना ने वृक्षारोपण अभियान को वृहद स्तर पर क्रियान्वित करने के लिए विभिन्न विभागों व संस्थाओं से सहयोग की अपेक्षा करते हुए कहा कि वर्तमान में ग्लोबल वार्मिंग के खतरे पर प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री की चिन्ता को दृष्टिगत रखते हुए इसको शत-प्रतिशत सफल बनाना है। उन्होंने कहा कि वन विभाग द्वारा विभिन्न विभागों से समन्वय के लिए राज्य स्तर पर विभागीय नोडल अधिकारी नामित किए जा चुके हैं, जो विभागों के साथ मिलकर माइक्रो प्लान, अग्रिम मृदा कार्य, पौधों की सुरक्षा आदि विचार-विमर्श कर कार्य करेंगे।
उन्होंने कहा कि आगामी 01 से 07 जुलाई तक वन महोत्सव में प्रभात फेरी, नुक्कड़ नाटक, चित्रकला प्रतियोगिता, निबन्ध लेखन, वाद-विवाद प्रतियोगिता एवं संगोष्ठी आदि के माध्यम से व्यापक जन जागरूकता अभियान चलाया जाए। उन्होंने पौधारोपण के इस कार्य में लगी वन विभाग की टीम को अग्रिम शुभकामनाएं दी।
राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि वृक्षारोपण कार्यक्रम से पूर्व प्लांनिंग की जाये कि क्लाईमेट जोन के अनुसार कौन-सा पौधा किस स्थान पर रोपित किया जाना है। वृक्षारोपण अभियान-2023 में फलदार पौधों को रोपित करने में वरीयता दी जाए, जिससे कि जनमानस श्रद्धाभाव से अभियान से जुडे़गा। वृक्षारोपण के कार्य में ग्राम प्रधानों का अधिक से अधिक सहयोग लिया जाये, इसके लिए ब्लॉक स्तर पर ग्राम प्रधानों की बैठक कर ली जाये। उन्होंने कहा कि वृक्षारोपण में छात्र-छात्राओं का सहयोग लिया जाना अच्छा प्रयोग होगा। इसके साथ सेवानिवृत्त हो चुके वरिष्ठ नागरिकों को भी इस अभियान से जोड़ा जाना लाभदायक होगा।
प्रदेश के व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि वृक्षारोपण कार्यक्रम सिर्फ प्रदेश सरकार का नहीं बल्कि समाज में रहने वाले प्रत्येक व्यक्ति का है। जीवनदायिनी ऑक्सीजन के लिए सभी नागरिकों को वृक्षारोपण कार्यक्रम मे बढ़-चढ़कर प्रतिभाग करना चाहिए।
प्रदेश के बेसिक शिक्षा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) संदीप सिंह ने कहा कि कक्षा 06 से 08 तक के स्कूली बच्चों के द्वारा पौधे रोपित करने का कार्यक्रम किया जायेगा। उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम में बच्चों के साथ परिवार को जोड़ने से बच्चों के माध्यम से फलदार पौधे घर तक पहुंचेंगे, जिससे उनका न्यूट्रीशियन भी बेहतर होगा।
इस अवसर पर प्रधान मुख्य संरक्षक एवं विभागाध्यक्ष ममता संजीव दुबे, उपरोक्त विभागों के वरिष्ठ अधिकारी व वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के द्वारा सभी जनपदीय अधिकारी जुड़े रहे।


