अजमेर : अजमेर के श्रीनगर थाना पुलिस ने बुधवार को एक 21 साल की लड़की की हत्या के मामले में मृतका की मां और भाई को गिरफ्तार किया है। आरोपित मां ने बताया कि मृतका का बाल विवाह हो चुका था। मृतका 21 साल की होने पर भी ससुराल नहीं जाना चाहती थी। किसी दूसरे लड़के के साथ फोन पर बातें करती थीं। लोकलाज की भय से उसे यह मंजूर नहीं हुआ। समझाने पर भी नहीं मानी तो आवेश में आकर उसके सिर पर कुल्हाड़ी मार दी, जिससे वह मर गई। बाद में पकड़े जाने के भय से उसकी लाश को जंगल में कुएं में डाल कर ठिकाने लगा दिया।
पुलिस के अनुसार पुलिस थाना श्रीनगर पर 27 अप्रैल को जिलावड़ा निवासी वृद्ध मोहम्मद बेग ने पुलिस को इस आषय कि रिपोर्ट पेश कि 26 अप्रैल को सुबह 11 बजे लगभग उसकी पुत्री सोनू बानो उम्र 21 साल बकरियां चराने गई जो काफी समय तक घर नहीं लौटी। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर गुमशुदा की तलाश की। तलाश के दौरान 29 अप्रैलको फोन पर सूचना मिली की रामपुरा अहिरान व मानपुरा के सुनसान जंगल के पास एक कुएं में अज्ञात लडकी की लाश पडी है। इत्तला पर मौकेे पर पहुचकर लडकी की लाश को कुएं से बहार निकालकर गुमशुदा के परिजनों बुलाया गया। उन्होंने सोनू बानो होना तस्दीक किया।
पुलिस टीम द्वारा की गई कार्रवाई
पुलिस अधीक्षक चुनाराम जाट ने बताया मुल्जिमा शांति बेगम द्वारा पूछताछ में बताया की उसकी पुत्री सोनू बैगम की शादी बचपन में ही ग्राम जिलावडा में कर दी थी, परन्तु सोनू अपने ससुराल नहीं जाना चाहती थी। सोनू अन्य किसी लडके से लगातार फोन पर बात करती थी। वह उसके साथ जाना चाहती थी। लोकलाज इज्जत के कारण सोनू को उसके ससुराल भेजने के लिए वह उसे समझाया करती थी। घटना वाले दिन भी वह सोनू को समझाना चाहती थी। इस पर बेटी सोनू को समझाने पर वह नहीं मानी तो आवेष में आकर उसके सिर में कुल्हाडी की मार दी। जिससे सोनू की मौके पर ही मृत्यु हो गई। उसके बाद अपने बेटे हनीफ के साथ मिलकर लाश को सुनसान जंगल के पास कुएं में पटक दिया। पुलिस आगे जांच कर रही है।


