नई दिल्ली : (New Delhi) अर्थव्यवस्था के मोर्चे पर राहत देने वाली (reassuring news on the economic front) खबर है। देश के आठ प्रमुख बुनियादी उद्योगों की वृद्धि की दर नवंबर में 1.8 फीसदी रही, जो पिछले साल इसी अवधि में 5.8 फीसदी थी।
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय (Ministry of Commerce and Industry) से सोमवार को जारी आंकड़ों के अनुसार इस महीने सीमेंट, इस्पात, कोयला और उर्वरक में वृद्धि दर्ज की गई, जबकि कच्चे तेल, प्राकृतिक गैस, रिफाइनरी उत्पादों और बिजली में गिरावट आई। हालांकि, आंकड़ों से पता चलता है कि इन क्षेत्रों का प्रदर्शन मासिक आधार पर सुधरा है। आंकड़ों के मुताबिक अक्टूबर में आठ प्रमुख उद्योगों कोयला, कच्चा तेल, प्राकृतिक गैस, पेट्रोलियम रिफाइनरी उत्पाद, बिजली, उर्वरक और इस्पात का उत्पादन घटकर शून्य से नीचे 0.1 फीसदी पर आ गया था।
आंकड़ों के मुताबिक चालू वित्त वर्ष 2025-26 की अप्रैल-नवंबर अवधि में इन क्षेत्रों का उत्पादन 2.4 फीसदी बढ़ा, जबकि वित्त वर्ष 2024-25 की समान अवधि में यह वृद्धि दर 4.4 फीसदी रही थी। औद्योगिक उत्पादन सूचकांक (Index of Industrial Production) (आईआईपी) में इन आठ कोर सेक्टरों की हिस्सेदारी 40.27 फीसदी का भार रखता है, इसलिए नवंबर का यह सकारात्मक आंकड़ा आने वाले आईआईपी आंकड़ों के लिए शुभ संकेत है।


