नई दिल्ली : (New Delhi) उच्चतम न्यायालय (The Supreme Court) ने कन्हैया लाल टेलर (murder of Kanhaiya Lal Taylor) की हत्या के एक आरोपित मोहम्मद जावेद को मिली जमानत निरस्त करने से इनकार कर दिया है। जस्टिस एमएम सुंदरेश (Justice MM Sundaresh) की अध्यक्षता वाली बेंच ने कहा कि इस मामले में 170 से ज्यादा गवाह हैं और अभी तक मात्र आठ गवाहों के ही बयान दर्ज हुए हैं।
मोहम्मद जावेद (Mohammad Javed) को राजस्थान उच्च न्यायालय (Rajasthan High Court)ने जमानत दी थी, जिसे राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) (National Investigation Agency) और कन्हैया लाल के बेटे ने उच्चतम न्यायालय में चुनौती दी थी। मोहम्मद जावेद पर आरोप है कि उसने कन्हैया लाल टेलर की हत्या करने में दो आरोपितों की मदद की थी। राजस्थान उच्च न्यायालय ने जमानत देते हुए कहा था कि घटना के समय मोहम्मद जावेद की लोकशन स्थापित नहीं हो रही है।
उदयपुर में 28 जून, 2022 को कन्हैया लाल टेलर की दिनदहाड़े हत्या कर दी गई थी। कन्हैया लाल टेलर की हत्या के बाद पूरे देश में उबाल आ गया था। उदयपुर पुलिस के मुताबिक इस घटना के मुख्य आरोपित मोहम्मद रियाज अटारी और गौस मोहम्मद कन्हैया लाल की दुकान में कपड़ा सिलवाने के बहाने घुसे और चाकू से उनका गला रेत दिया। आरोपितों ने इस घटना को रिकॉर्ड किया और वीडियो सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया।


