मुंबई : वसई रेलवे स्टेशन और नायगांव के बीच सिग्नल की मरम्मत के दौरान दोनों ट्रैक पर लोकल आ जाने से हुए हादसे में एक अधिकारी और दो कर्मचारियों की मौत हो गई।घटना सोमवार रात करीब 9 बजे की है।मृतकों की पहचान वरिष्ठ विभाग अभियंता (सिग्नल) वासू मित्रा,सहायक (सिग्नल और दूरसंचार) सचिन वानखेड़े और सिग्नल मेंटेनर सोमनाथ उत्तम लांबतुरे के रूप में की गई है।दुर्घटना के बाद मंडल रेल प्रबंधकों द्वारा तत्काल आर्थिक सहायता दी गयी है।वसई और नायगांव के बीच रेलवे कर्मचारियों के माध्यम से रेलवे की मरम्मत का काम शुरू किया गया है। लोकल पहुंचने के बाद कर्मचारी असमंजस में थे कि ट्रेन किस ट्रैक पर आएगी।इसी समय ट्रेन की चपेट में आने से तीन रेलवे कर्मचारियों की मौत हो गयी
इस मामले में वसई रेलवे पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पंचनामा किया और आकस्मिक मौत दर्ज की।पुलिस निरीक्षक (जीआरपी ) सचिन इंगवले ने जानकारी दी। विभाग के रेलवे व्यवस्थापन और अन्य वरिष्ठ रेलवे अधिकारी मौके पर पहुंचे।मृतक के परिवार के सदस्यों को अनुग्रह अनुदान और अन्य भुगतान 15 दिनों के भीतर वितरित किए जाने हैं।सीनियर सेक्शन इंजीनियर वासु मित्रा के परिवार को 1.24 करोड़ रुपये और इलेक्ट्रिक सिग्नल मेंटेनर सोमनाथ उत्तम और असिस्टेंट सचिन वानखेड़े के परिवार को 40 लाख रुपये दिए जायेगे। इस राशि के अलावा, मृत कर्मचारियों के परिवारों को निपटान बकाया (डीसीआरजी, जीआईएस, अवकाश नकदीकरण) दिया जाएगा। हालांकि, पश्चिम रेलवे ने भी घटना की जांच के आदेश दिए हैं।


