काठमांडू : (Kathmandu) नेपाल की राजधानी (capital of Nepal) में गुरुवार को राजसंस्था की बहाली को लेकर चलाए जा रहे अभियान के समर्थन में शक्ति प्रदर्शन किया गया तो दूसरी तरफ इसके विरोध में वामपंथी दल भी सड़कों पर उतरे।
राजसंस्था पुनर्बहाली के समर्थन में हो रहे प्रदर्शन के विरोध में प्रमुख विपक्षी दल नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी एकीकृत मार्क्सवादी लेनिनवादी (party Nepal Communist Party Unified Marxist Leninist) (एमाले) से संबद्ध युवा संगठन ने भी शक्ति प्रदर्शन किया है। विपक्षी कार्यकर्ता गणतंत्र के बचाव और राजसंस्था के विरोध में प्रदर्शन किया है। कम्युनिस्ट युवा संगठन के नेता महेश बस्नेत के नेतृत्व में तीनकुने में वामपंथी दल से जुड़े लोगों ने गणतंत्र के बचाव में नारेबाजी की। महेश बस्नेत ने कहा कि सैकड़ों लोगों के बलिदान के बाद नेपाल में लोकतंत्र और गणतंत्र की स्थापना हुई है। इसे कुछ नेताओं के कारण खत्म नहीं किया जा सकता है।
राजसंस्था के समर्थन और विरोध में एक ही दिन एक ही समय में प्रदर्शन होने से काठमांडू के अधिकांश स्थानों पर निषेधाज्ञा लागू की गई। दोनों प्रदर्शन के लिए अलग-अलग स्थान तय किये गए। राजसंस्था समर्थकों के लिए बल्खु क्षेत्र, जबकि युवा संगठन के लिए तीनकुने क्षेत्र में स्थान सुनिश्चित किया गया। आज राजधानी की सभी शैक्षिक संस्थाओं को बन्द रखा गया और लोगों को अत्यावश्यक होने पर ही घर से निकलने की सलाह दी गई।


