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MUMBAI : पोषण ट्रैकर ऐप के खिलाफ दायर याचिका:

आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को हाईकोर्ट से राहत

मुंबई : आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की हाईकोर्ट में पोषण ट्रैकर एप के खिलाफ दायर याचिका में हाईकोर्ट ने एक बार फिर आंगनबाडी कार्यकर्ताओं के पक्ष में अंतरिम आदेश पारित किया है। अदालत ने यह फैसला इसलिए दिया है, क्योंकि अधिवक्ता गायत्री सिंह ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का प्रभावी ढंग से प्रतिनिधित्व किया और संगठनों ने दावा किया है कि राज्य भर में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं में खुशी फैल गई है। पोषण ट्रैकर ऐप के खिलाफ याचिका में केंद्र सरकार, राज्य सरकार और एकीकृत बाल विकास सेवा आयुक्तालय ने पहले के आदेशों का पालन नहीं किया है। अक्टूबर में ही उन्होंने इस ऐप को मराठी भाषा में उपलब्ध नहीं कराया था। खास बात यह है कि उन्होंने अभी तक हाईकोर्ट में हलफनामा भी नहीं दिया है। पोषण ट्रैकर ऐप को मराठी भाषा में उपलब्ध नहीं कराने पर हाईकोर्ट ने नाराजगी जताई और सरकार व प्रशासन को फटकार लगाई।
हाईकोर्ट ने आनन-फानन में दिएआदेश
हाईकोर्ट ने आनन-फानन में आदेश दिए हैं। इसमें कोर्ट ने आदेश दिया है कि न्यूट्रिशन ट्रैकर ऐप को लेकर 13 जनवरी 2023 को एक हलफनामा पेश किया जाए। यह ऐप पूरी तरह से मराठी में कैसे काम करता है, इसका कोर्ट में प्रदर्शन किया जाना चाहिए, तब तक आंगनबाड़ी कर्मचारियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जानी चाहिए। कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि हितग्राहियों को किसी भी स्थिति में भोजन से वंचित नहीं किया जाना चाहिए। इस अंतरिम आदेश से आंगनबाड़ी कर्मचारियों का मनोबल बढ़ाने में मदद मिलेगी, जिसका खामियाजा प्रशासन भुगत रहा है। महाराष्ट्र राज्य आंगनवाड़ी कर्मचारी कार्य समिति ने सभी आंगनवाड़ी कर्मचारियों से अपील की है कि वे अपने न्यायोचित स्टैंड पर डटे रहें। आंगनबाड़ी कार्य समिति ने अपनी अधिवक्ता गायत्री सिंह का आभार व्यक्त किया है। यह राहत इसलिए मिली है, क्योंकि उन्होंने उच्च न्यायालय में अपने मामले की प्रभावी ढंग से पैरवी की है। अब आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी है कि वे अपने पद पर डटे रहें। आंगनवाड़ी कार्य समिति के नेता एमए पाटिल, शुभा शमीम कमल पारुलेकर, दिलीप उताने, भगवान राव देशमुख, जीवन सुरुदे, जयश्री पाटिल ने यह अपील की है।

दमन के आगे मत झुको
प्रशासन के जुल्म का शिकार कोई न हो। जब तक सरकार एक नया मोबाइल, मराठी भाषा में पूर्ण ऐप उपलब्ध नहीं कराती है, तब तक आपको अपने निजी मोबाइल में अंग्रेजी भाषा में इस दोषपूर्ण पोषण ट्रैकर ऐप को डाउनलोड और उपयोग नहीं करना चाहिए। कार्यसमिति के नेताओं ने इतनी तत्परता से सरकार को झुकने पर विवश कर दिया है।

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