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THANE : भूमिपुत्रों को बेघर करने की साजिश

मनसे ने दी मनपा प्रशासन को चेतावनी

ठाणे : ठाणे महानगरपालिका चुनाव निर्धारित समय सीमा के भीतर नहीं होने के कारण ठाणे मनपा की प्रशासनिक शक्तियां अधिकारियों के हाथों में आ चुकी है। मनपा अधिकारी शासन शक्ति का दुरुपयोग कर रहे हैं। इसी का परिणाम है कि स्थानीय भूमिपुत्रों को उनके हक के घर से वंचित किया जा रहा है। इस मामले का पर्दाफाश मनसे के शाखा अध्यक्ष संतोष निकम ने की है। साथ ही आरोप लगाया गया है कि पुनर्वासन की सूची से पात्र नागरिकों के नाम गायब कर दिए गए हैं। जो चिंता का विषय है।इस संदर्भ में जानकारी देते हुए संतोष निकम ने बताया कि ठाणे के वर्तक नगर स्थित म्हाडा के सर्वे क्रमांक 214 में निवास करने वाले स्थानीय भूमिपुत्रों का नाम पुनर्वसन की सूची से गायब कर दिया गया है। इसको लेकर उन्होंने ठाणे मनपा आयुक्त अभिजीत बांगर को भी साक्ष्य उपलब्ध करवाए हैं। मनपा आयुक्त से मांग की गई है कि वे इस मामले में को लेकर उचित प्रशासनिक कार्रवाई दोषी अधिकारियों के खिलाफ करें।

भूखंड पर किया जाएगा बहुमंजिला इमारतों का निर्माण
निकम ने मनपा आयुक्त को दिए गए निवेदन में कहा है कि वर्तक नगर नाका स्थित सर्वे क्रमांक 214 भूखंड पर. शॉपकिपर्स सोसायटी, आनंद अर्पामेंट, चाळ वसाहत, गाळेधारक हैं। यहां की कई इमारतें धोखादायक घोषित कर दी गई है। इस भूखंड पर बहुमंजिला इमारतों का निर्माण किया जाने वाला है,लेकिन स्थानीय नागरिकों और गालाधारकों के पुनर्वसन को लेकर प्रशासनिक स्तर पर भारी घपला किया जा रहा है । मूलनिवासी और गालाधारकों के नाम पुनर्वसन सूची से गायब कर दिए जाने का मामला सामने आया है । यह चिंता की बात है। इन बातों का जिक्र करते हुए संतोष निकम ने कहा कि सारा कुछ ठाणे मनपा के अधिकारियों और विकासकों की सांठगांठ से किया जा रहा है।
सभी का सर्वे कर उनका पुनर्वसन करना आवश्यक
कहा गया है कि पुनर्वसन के अनुरूप सभी का सर्वे कर उनका पुनर्वसन करना आवश्यक था । पुनर्वसन करते समय स्थानीय निवासियों और गालाधारकों का पुनर्गठन किया जाना अनिवार्य था। लेकिन अधिकारियों की सांठगांठ से विकासकों को फायदा पहुंचाने की साजिश प्रशासनिक स्तर पर हुई है। कई पुनर्वासन के पात्र व्यक्तियों के नाम पुनर्वसन सूची से ही गायब कर दिया गया है। इस मामले का पर्दाफाश संतोष निकम ने किया। कहा गया है कि शहर विकास विभाग के अधिकारी शेलेन्द्र बेंडाले व नितीन येसुगडे की अगुवाई में स्थलदर्शक सर्वे कराया जाना आवश्यक था, लेकिन इन अधिकारियों ने ठाणे मनपा मुख्यालय में स्थित अपनी कुर्सी पर बैठकर ही टेबल सर्वे किया। बताया जाता है कि 25 वर्षों से इस इमारत में रहने वाले लोगों के भी नाम अचानक गायब कर दिए गए हैं। इतना ही नहीं शहर विकास विभाग के अधिकारियों ने जानबूझकर आर्थिक लेनदेन कर सिपाही व सर्वेयर से बोगस सर्वे करवाया। निकम ने मांग की है कि नए सिरे से पुनर्वसन के योग्य पात्रों का सर्वे किया जाए। अन्यथा इसके खिलाफ मनसे सड़कों पर उतर कर विरोध प्रदर्शन करेगी।

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