
मुंबई समेत कई जिलों में अलर्ट, पारा 42 डिग्री के पार जाने की आशंका
मुंबई: (Mumbai) अप्रैल के आगाज के साथ ही महाराष्ट्र में सूर्य देव के तेवर तल्ख हो गए हैं। भारतीय मौसम विभाग (IMD) (Meteorological Department) के अनुसार, राज्य के बड़े हिस्से में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस की लक्ष्मण रेखा को लांघ चुका है। विदर्भ, मराठवाड़ा और पश्चिम महाराष्ट्र में लू (हीटवेव) के चलते जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। आने वाले 4 दिनों में गर्मी का यह प्रकोप और भी विकराल रूप धारण कर सकता है।
मुंबई और कोंकण: उमस ने बढ़ाई बेचैनी
राजधानी मुंबई (state capital, Mumbai) में पारा भले ही विदर्भ जितना ऊंचा न हो, लेकिन अत्यधिक नमी (ह्यूमिडिटी) ने स्थिति को कष्टदायक बना दिया है। उमस के कारण वास्तविक तापमान से कहीं अधिक गर्मी महसूस हो रही है। मौसम विभाग ने मुंबई, ठाणे, पालघर और रायगढ़ के लिए येलो अलर्ट जारी करते हुए नागरिकों को सचेत रहने की सलाह दी है। दोपहर के समय गर्म हवाएं और तेज धूप स्वास्थ्य के लिए बड़ा खतरा बनकर उभर रही हैं।
प्रशासन सतर्क, अस्पतालों को निर्देश
भीषण गर्मी और लू की आशंका को देखते हुए राज्य प्रशासन (state administration) पूरी तरह सतर्क है। स्वास्थ्य विभाग ने सभी जिला अस्पतालों को हीट-स्ट्रोक के मरीजों के लिए विशेष वार्ड तैयार रखने के निर्देश दिए हैं। स्कूलों के लिए भी विशेष गाइडलाइन जारी की गई है ताकि बच्चों को लू से बचाया जा सके। खुले में काम करने वाले मजदूरों के लिए कार्य समय में बदलाव के सुझाव भी दिए गए हैं।
विशेषज्ञों की सलाह: सावधानी ही बचाव
मौसम विशेषज्ञों और डॉक्टरों ने नागरिकों के लिए निम्नलिखित दिशा-निर्देश जारी किए हैं:
- दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच अत्यंत आवश्यक होने पर ही घर से बाहर निकलें।
- शरीर में पानी की कमी न होने दें; पर्याप्त मात्रा में जल, नींबू पानी या ओआरएस का सेवन करें।
- बाहर निकलते समय हल्के रंग के सूती कपड़ों का प्रयोग करें और सिर को ढंक कर रखें।
- बुजुर्गों और बच्चों के स्वास्थ्य पर विशेष नजर रखें।
महाराष्ट्र इस समय प्रकृति की मार झेल रहा है। ऐसे में प्रशासन और मौसम विभाग की चेतावनियों को गंभीरता से लेना अनिवार्य है।


