
हैदराबाद : (Hyderabad) केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (Central Bureau of Investigation) (CBI) ने ‘डिजिटल अरेस्ट’ कर की गयी एक साइबर ठगी के मामले में तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में पांच स्थानों पर छापेमारी कर तीन लोगों को गिरफ्तार किया।
सीबीआई के अनुसार गिरफ्तार आरोपितों में इंडसइंड बैंक के तत्कालीन असिस्टेंट मैनेजर दुब्बाका महेश, राजेश कन्ना और वायाला श्रीनिवास हैं। यह जांच सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) के निर्देश का हिस्सा है जिसमें एक वरिष्ठ नागरिक को डिजिटल अरेस्ट कर 1.6 करोड़ रुपये से अधिक की रकम ट्रांसफर करने के लिए मजबूर किया गया था।
जांच में खुलासा हुआ कि ठगी की रकम को एक फर्जी कंपनी के नाम पर खोले गए बैंक खाते में डाला गया था, ताकि साइबर अपराध से अर्जित धन को आसानी से इधर-उधर किया जा सके। गिरफ्तार बैंक अधिकारी पर आरोप है कि उसने इस फर्जी खाते को खुलवाने में अहम भूमिका निभाई। अन्य दो आरोपित कथित तौर पर ‘म्यूल अकाउंट्स’ (fraudulent accounts) की व्यवस्था करने और विभिन्न खातों के जरिए पैसे को घुमाने में शामिल थे।
सीबीआई ने बताया कि आरोपितों के ठिकानों से छापेमारी के दौरान कई आपत्तिजनक दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए गए हैं।


