हुगली : चलती ट्रेन की चेन खींचना दंडनीय अपराध है। इसको लेकर आरपीएफ के तरफ से आये दिन जागरूकता अभियान चलाया जाता है। इसके बावजूद यात्री अपनी अपने निजी स्वार्थ के लिए ऐसे दंडनीय अपराध करने की बाज नहीं आते। बैंडेल आरपीएफ ने चलती ट्रेन में चेन खींचने के आरोप में एक महिला को गिरफ्तार किया है।
बैंडेल आरपीएफ इंचार्ज राजीव राठी ने बताया कि 15960 डाउन (कामरूप एक्सप्रेस) बैंडेल रेलवे स्टेशन के डाउन मेन लाइन स्टार्टर सिग्नल एस-20 को पार करने के बाद अचानक रुक गई। ड्यूटी पर तैनात महिला एसआई आरती कश्यप ने कामरूप एक्सप्रेस से उतरती एक महिला प्रतिमा मंडल को तुरंत हिरासत में लिया। महिला नदिया जिले के सिमुराली थाना अंतर्गत चकदा की रहने वाली बताई जा रही है। उसे आरपीएफ पोस्ट बैंडेल लाया गया। जहां उसका इकबालिया बयान दर्ज किया गया। जिसमें उसने कबूल किया कि वह अपने पति विश्वजीत के साथ 15060 डाउन कामरूप एक्सप्रेस के कोच नंबर एस-3 (स्लीपर) बर्थ नं. 25 और 28 जलपाईगुड़ी से बैंडेल के लिए यात्रा कर रही थी। उसका पीएनआर नंबर 6426315183 है। ट्रेन के समय में हुए बदलाव के कारण उसे बैंडेल स्टेशन पर ट्रेन ठहरने का निर्धारित समय का पता नहीं चला। वह गहरी नींद में थी। जब वह उठी तो उसने देखा कि उक्त ट्रेन बैंडेल स्टेशन से निकल गई है। यह देखकर उसने चेन खींच दिया जिससे ट्रेन रुक गई। क्योंकि उसका गंतव्य स्टेशन बैंडेल रेलवे स्टेशन है। जब ट्रेन रुकी तो वह अपने पति के साथ उक्त ट्रेन से उतर गई। उसके कबूलनामे के आधार पर उसे रेलवे अधिनियम के प्रावधान 179 (ii) अपराध 141 रेलवे अधिनियम के तहत गिरफ्तार कर लिया गया। इस संबंध में आरपीएफ /पोस्ट/बैंडेल में रेलवे अधिनियम की धारा-141 के तहत मामला संख्या 1037/2023 दर्ज किया गया है।
उल्लेखनीय है कि रेलवे नियमों के अनुसार, अगर कोई बेवजह ट्रेन की चेन खींचता है तो उसे अपराध माना जाता है। रेलवे ट्रेन रोकने वाले व्यक्ति पर रेल अधिनियम 1989 की धारा 141 के तहत कार्रवाई करता है। इस धारा के दोषी पाए जाने पर 1000 रुपये जुर्माना या 1 साल तक की जेल हो सकती है।



