
नई दिल्ली : (New Delhi) केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (Central Bureau of Investigation) (CBI) को साइबर धोखाधड़ी के मामले में वांछित भगोड़े गणेश बालासो काले (Ganesh Balaso Kale) को थाईलैंड से प्रत्यर्पण कराने में गुरुवार को कामयाबी मिली है। उसे 24 मई को बैंकॉक में थाई अधिकारियों ने हिरासत में लिया था और कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद 10 जून को भारत भेजा गया। सीबीसीआई के अधिकारी आरोपित को लेकर आज मुंबई पहुंच गए।
सीबीआई ने बताया कि मुंबई पहुंचने के बाद गणेश बालासो काले को महाराष्ट्र पुलिस की साइबर सेल (Maharashtra Police Cyber Cell) ने अपनी हिरासत में ले लिया। काले पर आरोप है कि उसने ऑनलाइन पार्ट‑टाइम नौकरी का लालच देकर लोगों से निवेश के नाम पर धन जमा कराया और बाद में उन्हें धोखा दिया। वह एक नेटवर्क चलाता था जिसमें निर्दोष व्यक्तियों को शामिल कर उनके बैंक खातों का उपयोग अवैध धन हस्तांतरण के लिए किया जाता था।
इसके अलावा उसने सह‑आरोपितों को मोबाइल फोन और फर्जी सिम कार्ड (mobile phones and fake SIM cards) की व्यवस्था करने के निर्देश भी दिए थे। सीबीआई ने बताया कि मामले की जांच जारी है। सीबीआई ने बताया कि विदेश मंत्रालय, गृह मंत्रालय और थाईलैंड स्थित भारतीय दूतावास के सहयोग से आरोपित को मात्र 20 दिनों के भीतर रेड कॉर्नर नोटिस (Red Corner Notice) जारी होने के बाद खोजकर भारत लाया गया।


