
नई दिल्ली : (New Delhi) राष्ट्रीय जांच अभिकरण (National Investigation Agency) (NIA) ने हिजबुल मुजाहिदीन (Hizbul Mujahideen) से जुड़े वांछित आतंकी इकबाल सिंह उर्फ शेरा का पुर्तगाल से भारत सफल प्रत्यर्पण कराया। एजेंसी ने उसके यहां पहुंचने पर हवाई अड्डे से हिरासत में ले लिया।
एनआईए के अनुसार शे़रा हिजबुल मुजाहिदीन के नार्को टेरर मॉड्यूल (narco-terror module) का मास्टरमाइंड था और उसके खिलाफ अक्टूबर 2020 से गैर जमानती वारंट जारी था। जून 2021 में इंटरपोल नोटिस भी जारी किया गया था। जांच में सामने आया कि वह पाकिस्तान से हेरोइन की तस्करी कर पंजाब में नेटवर्क चला रहा था और हवाला चैनलों के जरिए इसकी कमाई पाकिस्तान व कश्मीर में हिजबुल मुजाहिदीन के संचालकों तक पहुंचाता था।
शेरा ने पंजाब में अपने सहयोगियों का गिरोह बनाकर बड़े पैमाने पर हेरोइन की तस्करी, बिक्री से धन संग्रह और उसे आतंकी गतिविधियों के लिए भेजने की साजिश रची थी। वह पाकिस्तान स्थित हिजबुल मुजाहिदीन के संचालकों से सीधे संपर्क में था।
एजेंसी ने बताया कि मामला मूल रूप से पंजाब पुलिस ने दर्ज किया था जब हिजबुल का कार्यकर्ता हिलाल अहमद शेरगोजरी (Hilal Ahmed Shergojri) पकड़ा गया था। उसके पास से 29 लाख रुपये की नशीली दवाओं की कमाई बरामद हुई थी। आगे की जांच में गिरोह के अन्य सदस्यों से 32 लाख रुपये और बरामद किए गए। हिलाल अहमद शेरगोजरी मृत आतंकी कमांडर रियाज अहमद नाइकू (terrorist commander Riyaz Ahmed Naikoo) का करीबी सहयोगी था।
एनआईए ने मामले की जांच अपने हाथ में लेने के बाद मॉड्यूल को ध्वस्त करने और शेरा का प्रत्यर्पण कराने के लिए व्यापक प्रयास किए। एजेंसी ने कहा कि उसकी गिरफ्तारी पाकिस्तान समर्थित नार्को और सीमा पार आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में बड़ी सफलता है। एनआईए ने कहा कि आगे की जांच जारी है और गिरोह से जुड़े अन्य सहयोगियों की भूमिका की पड़ताल की जा रही है।


