बेंगलुरु : (Bengaluru) कर्नाटक के विभिन्न हिस्सों में भ्रष्टाचार के आरोपों का सामना कर रहे अधिकारियों के खिलाफ लोकायुक्त विभाग (Lokayukta department in Karnataka) ने कड़ी कार्रवाई करते हुए एक साथ कई स्थानों पर छापेमारी की है। अनुपातहीन संपत्ति के मामलों में की गई इस कार्रवाई के तहत अधिकारियों के घरों, कार्यालयों और उनसे जुड़े अन्य ठिकानों की गहन तलाशी ली गई।
आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, लोकायुक्त की टीम ने धारवाड़, शिवमोग्गा, मांड्या, चिक्कमगलुरु और बेंगलुरु समेत राज्य के कई जिलों में एक साथ कार्रवाई की और बड़ी मात्रा में महत्वपूर्ण दस्तावेज, संपत्ति से संबंधित रिकॉर्ड और नकदी बरामद की गई।
धारवाड़ में बेलगावी कृषि विभाग के संयुक्त निदेशक राजशेखर (Rajasekhar) के तीन ठिकानों पर छापेमारी की गई। लोकायुक्त की टीम ने सिल्वर ऑर्चर्ड लेआउट स्थित उनके आवास, रानी चेन्नम्मा नगर में उनके निजी कार्यालय और यारिकोप्पा गांव के पास स्थित फार्महाउस की तलाशी ली।
वहीं, आय से अधिक संपत्ति के आरोपों के चलते शिवमोग्गा ग्रामीण जल आपूर्ति एवं स्वच्छता विभाग की कार्यकारी अभियंता रूपला नायक के ठिकानों पर भी लोकायुक्त ने कार्रवाई की। शिवमोग्गा, चिक्कमगलुरु और बेंगलुरु में एक साथ छापे मारे गए। बसवनगुड़ी और केंगेरी स्थित आवासों, शिवमोग्गा में एक कार्यालय तथा चिक्कमगलुरु जिले के सखारायपट्टण में एक मकान की जांच की गई। सूत्रों के मुताबिक, तलाशी के दौरान अत्यधिक संपत्ति से जुड़े अहम दस्तावेज मिले हैं।
लोकायुक्त ने मांड्या लोक निर्माण विभाग के अधीक्षक बायरेश (Lokayukta also initiated action against Byresh) के खिलाफ भी कार्रवाई करते हुए उनके मांड्या स्थित आवास, मद्दूर में उनके ससुराल और कार्यालय में एक साथ छापेमारी की। बायरेश के खिलाफ जनता से प्राप्त कई शिकायतों के बाद यह कार्रवाई की गई। अधिकारियों ने उनकी संपत्ति, बैंक खातों और अन्य वित्तीय लेनदेन से जुड़े रिकॉर्ड खंगाले हैं।
लोकायुक्त विभाग (Lokayukta department) ने स्पष्ट किया है कि बरामद दस्तावेजों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की जांच जारी है और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


