प्रतापगढ़: (Pratapgarh) बाघराय थाना क्षेत्र के रोर गांव में मंगलवार से चला आ रहा विवाद बुधवार की रात खूनी हो गया। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए थानाध्यक्ष समेत चार पुलिस कर्मियों को सस्पेंड कर दिया गया है। यह मामला रोर के मौजूदा प्रधान और पूर्व प्रधान के बीच का है। बताया जाता है कि बुधवार की रात प्रधान पक्ष के विशाल पांडेय पुत्र उमेश पांडेय का शव सड़क पर खून से लथपथ पाया गया था। इस मामले की जानकारी होने के बाद परिजनों ने हत्या का आरोप लगाते हुए जमकर बवाल किया।
फिलहाल विशाल पांडेय की हत्या के प्रकरण में पुलिस ने पवन सिंह, रन बहादुर सिंह, समर बहादुर, आजाद सिंह, प्रवीण उर्फ गब्बर, अनुराग सिंह और लकी सिंह के खिलाफ धारा 302, 147, 148, 427, 379 के तहत केस दर्ज किया गया है। गांव में उपजे तनाव को देखते हुए भारी संख्या में पुलिस बल को तैनात किया गया है। मामले की मानीटरिंग उच्चाधिकारियों के द्वारा की जा रही है।
बताते चलें कि बीते मंगलवार को विकास खंड बाघराय परिसर में ग्राम प्रधान और पूर्व प्रधान के बीच जमकर तकरार हो गई थी। आरोपित है कि स दौरान रोर के प्रधान प्रतिनिधि पर जानलेवा हमला किया गया था। इस मामले में प्रधान प्रतिनिधि व उनके परिवारीजनों के साथ की गई मारपीट में लूट, बलवा समेत अन्य गंभीर धराओं में केस दर्ज किया गया था।
बताया जाता है कि बुधवार की रात प्रधान का भतीजा विशाल पांडेय कहीं से लौट रहा था। इसके बाद सिया गांव के समीप उसकी खून से लथपथ लाश पाई गई थी। यह जानकारी होते ही रोते-बिलखते परिजन मौके पर पहुंच गए। वारदात की सूचना पर एएसपी रोहित मिश्र कई थानों की फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए।
मामले में पुलिस की प्राथमिक लापरवाही देखते हुए एसपी ने इंस्पेक्टर अवन कुमार दीक्षित, एसएसआई राधेबाबू, एसआई हरिश्चंद्र चौहान और प्रभात कुमार को सस्पेंड कर दिया गया है।


