
नई दिल्ली : (New Delhi) प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) (Enforcement Directorate) ने आंध्र प्रदेश के प्रसिद्ध तिरुमला तिरुपति देवस्थानम (टीटीडी) (Tirumala Tirupati Devasthanam) के प्रसादम् (‘Prasadam’) में घी मिलावट घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बुधवार को देशभर के 15 जगहों पर छापेमारी की। यह छापेमारी आहिल्यानगर (महाराष्ट्र), बीकानेर (राजस्थान), देहरादून (उत्तराखंड), दिल्ली, डिंडीगुल (तमिलनाडु), गुंटूर (आंध्र प्रदेश), मुंबई (महाराष्ट्र) और रुड़की (उत्तराखंड) (Ahilyanagar (Maharashtra), Bikaner (Rajasthan), Dehradun (Uttarakhand), Delhi, Dindigul (Tamil Nadu), Guntur (Andhra Pradesh), Mumbai (Maharashtra)and Roorkee (Uttarakhand) में की गई। इस दौरान 60 लाख रुपये नकद बरामद किए गए और 45 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की संपत्तियों में अपराध की आय निवेश किए जाने का खुलासा हुआ।
ईडी की तरफ से बताया गया कि तलाशी में आरोपित पोमिल जैन, विपिन जैन, राजू राजशेखरन, राजेश मंसुखलाल छावड़ा, अपूर्व विनयकंठ छावड़ा, मचींद्र शंकरराव लंके, अजय कुमार सुगंध, महेश कुमार रोहिरा और आशीष अग्रवाल (Pomil Jain, Vipin Jain, Raju Rajasekharan, Rajesh Mansukhlal Chhavda, Apoorva Vinaykant Chhavda, Machindra Shankarrao Lanke, Ajay Kumar Sugandh, Mahesh Kumar Rohira, and Ashish Agarwal) के आवासीय व कार्यालय परिसरों को खंगाला गया। इसके अलावा एआर डेयरी फूड प्राइवेट लिमिटेड (डिंडीगुल, तमिलनाडु), मालगंगा मिल्क एंड एग्रो प्रोडक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड (आहिल्यानगर, महाराष्ट्र) और भोले बाबा ऑर्गेनिक डेयरी मिल्क प्राइवेट लिमिटेड (रुड़की, उत्तराखंड) (AR Dairy Food Private Limited (Dindigul, Tamil Nadu), Malganga Milk and Agro Products Private Limited (Ahilyanagar, Maharashtra), and Bhole Baba Organic Dairy Milk Private Limited (Roorkee, Uttarakhand) के डेयरी संयंत्रों पर भी छापेमारी की गई। यहां से कई आपत्तिजनक दस्तावेज मिले, जिनसे पता चला कि अपराध की आय को छिपाने के लिए जटिल कानूनी संस्थाओं का नेटवर्क इस्तेमाल किया गया।
जांच में सामने आया कि आरोपितों ने कुछ टीटीडी अधिकारियों के साथ मिलकर मिलावटी घी की आपूर्ति की और धोखाधड़ी कर ट्रस्ट को नुकसान पहुंचाया। अपराध की आय को बाद में विभिन्न अचल संपत्तियों में निवेश किया गया। ईडी ने कहा कि आगे की जांच जारी है।


