
नई दिल्ली : (New Delhi) आगामी कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए भारतीय दल के शेफ डी मिशन (प्रशासनिक प्रमुख) नियुक्त किए जाने पर रोहित राजपाल (Rohit Rajpal) को दिल्ली ओलंपिक एसोसिएशन (डीओए) और दिल्ली प्रो वॉलीबॉल लीग (डीपीवीएल) की (Delhi Olympic Association (DOA) and the Delhi Pro Volleyball League (DPVL) ओर से शुभकामनाएं और बधाई दी गई।
रोहित राजपाल वर्तमान में भारतीय ओलंपिक संघ (आईओए) (Indian Olympic Association) की कार्यकारी समिति के सदस्य हैं। इसके अलावा वे भारतीय डेविस कप टीम (Indian Davis Cup team) के कप्तान रह चुके हैं और ऑल इंडिया टेनिस एसोसिएशन में उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी भी निभा रहे हैं।
दिल्ली ओलंपिक एसोसिएशन के संरक्षक संजय शर्मा, डीओए के मुख्य कार्यकारी अधिकारी कुलदीप वत्स तथा दिल्ली प्रो वॉलीबॉल लीग की सह-संस्थापक नीति रावत और जसोदा गुलिया ने आज राजपाल से मुलाकात कर उन्हें नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दीं।
बैठक के दौरान प्रतिनिधिमंडल ने विश्वास जताया कि रोहित राजपाल के नेतृत्व में भारतीय दल आगामी कॉमनवेल्थ गेम्स में देश का प्रभावी प्रतिनिधित्व करेगा और खिलाड़ियों को बेहतर प्रदर्शन के लिए आवश्यक सहयोग एवं मार्गदर्शन मिलेगा।
वर्ष 2026 के कॉमनवेल्थ गेम्स 23 जुलाई से 2 अगस्त तक ग्लासगो, स्कॉटलैंड में आयोजित (2026 Commonwealth Games will be held in Glasgow, Scotland, from July 23 to August 2) होंगे, जिसमें 74 देशों और क्षेत्रों के लगभग 3000 खिलाड़ी भाग लेंगे।
मुलाकात के दौरान दिल्ली प्रो वॉलीबॉल लीग की सह-संस्थापकों ने राजपाल के समक्ष लीग की भविष्य की योजनाओं, उद्देश्यों और विकास मॉडल को भी प्रस्तुत किया। इस पहल की सराहना करते हुए राजपाल ने कहा कि इस तरह के प्रयास खिलाड़ियों को बेहतर अवसर देने और खेल पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
बैठक में दिल्ली में वॉलीबॉल के वर्तमान परिदृश्य और उसके विकास पर भी विस्तार से चर्चा हुई। इस दौरान संजय शर्मा और पूर्व दिल्ली वॉलीबॉल संघ अध्यक्ष रह चुके कुलदीप वत्स (Sanjay Sharma and the former President of the Delhi Volleyball Association were also present during the interaction. Kuldeep Vats) ने खेल के विकास से जुड़े अपने अनुभव साझा किए।
बैठक का समापन इस संकल्प के साथ हुआ कि दिल्ली में खेलों के विकास, युवा प्रतिभाओं को अवसर देने और भारतीय खेलों को नई दिशा देने के लिए भविष्य में भी ऐसे सहयोगात्मक प्रयास जारी रखे जाएंगे।





