spot_img

Mumbai : ‘सूट योरसेल्फ’ बना ब्रांडेड कंटेंट का नया चेहरा

मुंबई : (Mumbai) डिजिटल दौर में दर्शक अब सिर्फ विज्ञापन नहीं, बल्कि ऐसी कहानियां देखना चाहते हैं, जिनसे वे भावनात्मक रूप से जुड़ सकें। इसी बदलते ट्रेंड को ध्यान में रखते हुए डिजिटल-फर्स्ट प्रोडक्शन हाउस ऑरेंज एलिफेंट ब्रांड (digital-first production house Orange Elephant) स्टोरीटेलिंग के नए तरीके तलाश रहा है। स्टूडियो का फोकस इंटरनेट के लिए कहानी-प्रधान, ऑरिजिनल कंटेंट बनाने पर है, जिसमें ब्रांड्स को सहज और स्वाभाविक ढंग से शामिल किया जाता है, ताकि कंटेंट कमर्शियल से ज्यादा अनुभवात्मक लगे।

इसी दिशा में ऑरेंज एलिफेंट ने फैशन ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म अजिओ के साथ मिलकर एक वर्टिकल माइक्रो-फिक्शन सीरीज़ ‘सूट योरसेल्फ’ तैयार की है। ट्रेलर लॉन्च के बाद यह प्रोजेक्ट सोशल मीडिया पर चर्चा बटोर रहा है। सीरीज़ का उद्देश्य एक ऐसी पॉलिश्ड और कल्चर-कनेक्टेड कहानी पेश करना है, जिसमें ब्रांड इंटीग्रेशन जबरन न लगे, बल्कि कहानी के प्रवाह का हिस्सा बने। खास बात यह है कि हर एपिसोड में ब्रांड की मौजूदगी अनिवार्य नहीं रखी गई है, जिससे नैरेटिव को प्राथमिकता मिलती है।

इस बड़े पैमाने के ब्रांडेड फिक्शन प्रोजेक्ट में आन्या सिंह और रोहन गुरबक्सानी (Anya Singh and Rohan Gurbaxani) जैसे पहचाने हुए चेहरे नजर आएंगे। प्रोफेशनल टीम, सिनेमैटिक ट्रीटमेंट और मजबूत प्रोडक्शन वैल्यू यह संकेत देते हैं कि ब्रांड अब ओरिजिनल आईपी को गंभीरता से ले रहे हैं। ‘सूट योरसेल्फ’ यह दिखाता है कि ब्रांडेड कंटेंट भी दर्शकों को एंटरटेन कर सकता है, बिना भारी-भरकम प्रोडक्ट प्लेसमेंट के।

वर्टिकल माइक्रो-फिक्शन जैसे नए फॉर्मेट को अपनाकर अजिओ और ऑरेंज एलिफेंट ने पारंपरिक ब्रांड फिल्मों से अलग रास्ता चुना है। यह प्रोजेक्ट इस बात का उदाहरण है कि डिजिटल प्लेटफॉर्म पर कहानी कहने के नए प्रयोग कैसे ब्रांड्स और दर्शकों के बीच गहरा जुड़ाव बना सकते हैं।

New Delhi : फिल्म मेकर्स ‘घूसखोर पंडत’ का नाम बदलने को तैयार, हाई कोर्ट को दी जानकारी

नई दिल्ली : (New Delhi) नेटफ्लिक्स ने मंगलवार को दिल्ली उच्च न्यायालय (Delhi High Court) बताया कि निर्माता फिल्म 'घूसखोर पंडत' (Ghuskhor...

Explore our articles