सत्येंद्र द्विवेदी
भदोही : शीतलहर चरम पर है। पहाड़ों पर हुई बर्फबारी से शीतलहर का प्रकोप आनेवाले कुछ दिनों तक बना रहेगा। खिचड़ी के बाद से ही मौसम के सामान्य होने की उम्मीद मौसम वैज्ञानिक जता रहे हैं। इस दौरान शीतलहर से बचने के लिए घर पर और बाहर कुछ एहतियात बरतना जरूरी है।
जिलाधिकारी गौरांग राठी ने बताया कि सभी जनपदवासी ठंड में एतहितायत बरतें और घर के बड़े-बुजुर्गों का ध्यान रखें। बताया कि जनपद मुख्यालय समेत सभी नगर निकायों में पर्याप्त मात्रा में रैनबसेरा का इंतजाम किया गया है। इसके अलावा जनपद में एक हजार से अधिक स्थानों पर अलाव जलवाया जा रहा है। जरूरतमंदों में जिला प्रशासन, स्वयंसेवी संगठनों और समाजसेवियों के द्वारा कंबल का वितरण किया जा रहा है। जिलाधिकारी ने तहसील व नगर निकायों को निर्देशित किया है कि रात के वक्त कोई भी बाहर सोता हुआ नहीं मिलना चाहिए।
राहत आयुक्त की तरफ से भी अपील की गई है कि रात के वक्त बंद कमरे में कभी भी अलाव जलाकर न सोएं। ऐसा करना जीवनके लिए खतरनाक हो सकता है। इसलिए समझदारी दिखाएं और बंद कमरे में कभी भी अलाव न जलाएं। इसके अलावा बाहर भी अलाव को नजदीक बिस्तर न लगाएं। घर में यदि कोई छोटा बच्चा है तो उसे आग सेदूर रखें। अलाव जलाने वाले स्थान पर एक बाल्टी पानी जरूर साथ रखें।
भीषण शीतलहर से बचने के लिए पर्याप्त मात्रा में गर्म कपड़े पहनें। घर से बाहर निकलते समय सिर से लेकर पैर तक ढक कर रखें। गर्म पेय पदार्थों का सेवन करें। इसके अलावा घर के बड़े-बुजुर्गों का बराबर ध्यान रखें। यदि मवेशी पालन किया है तो उन्हे भी रात के वक्त खुले में न रखें।


