
नई दिल्ली : (New Delhi) कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) (Employees’ Provident Fund Organization) ने चालू वित्त वर्ष 2025-26 के लिए कर्मचारियों के पीएफ जमा पर ब्याज दर 8.25 फीसदी बरकरार रखी है। इस फैसले से देश के लगभग 31 करोड़ से ज्यादा सदस्यों को फायदा मिलेगा।
केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री डॉ. मनसुख मांडाविया (chaired by Union Labor and Employment Minister Dr. Mansukh Mandaviya) की अध्यक्षता में केंद्रीय न्यासी बोर्ड (सीबीटी) की यहां हुई बैठक में यह फैसला लिया गया। इससे पिछले वित्त वर्ष में भी ईपीएफओ ने 8.25 फीसदी की ही ब्याज दर दी थी। उससे पहले वित्त वर्ष 2022-23 में ये दर 8.15 फीसदी थी, जबकि वित्त वर्ष 2021-22 में यह चार दशक के निचले स्तर 8.1 फीसदी तक चली गई थी।
भारतीय मजदूर संघ (बीएमएस) के उत्तर क्षेत्र संगठन मंत्री पवन कुमार (Pawan Kumar, the organization secretary of the Bharatiya Mazdoor Sangh) ने कर्मचारी भविष्य निधि के कर्मचारियों के लिए पीएफ जमा पर ब्याज दर 8.25 फीसदी पर रखने के फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि इससे देश के करोड़ों सैलरी पेशा कर्मचारियों के लिए एक बड़ी राहत देने वाली खबर है।


