
रायपुर पुलिस के द्वारा की गई कार्रवाई में सात गिरफ्तार
गोवा से भारी मात्रा में इलेक्ट्रानिक उपकरण बरामद
रायपुर : (Raipur) छत्तीसगढ़ की रायपुर पुलिस कमिश्नरेट (Raipur Police Commissionerate of Chhattisgarh) ने ऑनलाइन सट्टा संचालन और उससे जुड़े पेमेंट गेट-वे नेटवर्क का भंडाफोड़ करते हुए सात आरोपितों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार व्यक्तियों में दो रायपुर और पांच गोवा से पकड़े गए हैं। कार्रवाई संयुक्त रूप से एण्टी क्राइम एवं साइबर यूनिट तथा न्यू राजेन्द्र नगर थाना (New Rajendra Nagar Police Station) पुलिस द्वारा की गई।
सट्टा पैनल और पेमेंट गेट-वे
क्राइम एवं साइबर पुलिस उपायुक्त स्मृतिक राजनाला (Crime and Cyber Deputy Commissioner of Police Smritik Rajnala) ने बताया कि 25 फरवरी 2026 को न्यू राजेन्द्र नगर क्षेत्र में मुक्तिधाम (Muktidham in the New Rajendra Nagar area) के समीप एक वाहन से ऑनलाइन सट्टा संचालित करते हुए दो व्यक्तियों को पकड़ा गया। पूछताछ में सामने आया कि उनके सहयोगी गोवा से सट्टा पैनल और पेमेंट गेट-वे संचालित कर रहे थे। इसके आधार पर गोवा में छापेमारी कर इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जब्त किए गए। जांच में 431 म्यूल बैंक खातों के उपयोग की जानकारी मिली है, जिनके माध्यम से अवैध लेन-देन किया जा रहा था। संबंधित खातों का विवरण एकत्र किया जा रहा है तथा उनसे जुड़े मोबाइल नंबर ब्लॉक कराए जा रहे हैं।
क्रिप्टो वालेट में भेजे गए रुपये
पुलिस के अनुसार आरोपित विभिन्न ऑनलाइन बैटिंग साइटों के मास्टर आईडी कमीशन के आधार पर उपलब्ध कराते थे और व्हाट्सएप समूहों के माध्यम से गेट-वे संचालन कर जमा एवं निकासी की प्रक्रिया नियंत्रित करते थे। जांच में यह भी सामने आया है कि अवैध आय को क्रिप्टोकरेंसी/यूएसडीटी के माध्यम से ट्रांसफर किया जा रहा था। अब तक लगभग 46,500 यूएसडीटी (करीब 42 लाख रुपये) क्रिप्टो वॉलेट में भेजे जाने के प्रमाण मिले हैं, जिसकी जांच जारी है।
पांच लैपटाप, 58 मोबाइल बरामद
गिरफ्तार आरोपितों के कब्जे से 24,600 रुपये नकद, पांच लैपटॉप, एक टैब, 58 मोबाइल फोन, 12 एटीएम कार्ड, तीन राउटर, चार पासबुक और एक कार सहित लगभग 22.14 लाख रुपये मूल्य की सामग्री जब्त की गई है। प्रकरण में छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम, 2022 तथा भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। वर्ष 2026 में अब तक साइबर यूनिट द्वारा ऑनलाइन सट्टे के पांच मामलों में 22 आरोपितों की गिरफ्तारी और लगभग 2.14 करोड़ रुपये की जब्ती की कार्रवाई की जा चुकी है।


