कुल्लू : बाढ़ में लापता हुई पंजाब रोडवेज की बस से शवों को पुलिस द्वारा 23 दिनों बाद नदी से बाहर निकाल लिया गया है। बस में कितने लोग सवार थे इस बात का सही खुलासा करना संभव नहीं लेकिन पुलिस के अनुसार चालक ओर परिचालक के अतिरिक्त बस में एक ही परिवार के 11 लोग शामिल थे। अन्य 8 सदस्यों के अतिरिक्त परिचालक का शव अभी भी लापता है।
मंगलवार को पुलिस द्वारा सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। आलू ग्राउंड से करीब 300 मीटर दूर बस को बाहर निकालने का प्रयास किया गया। इस दौरान बस में से पुलिस द्वारा तीन शव बरामद किए गए।
यह घटना उस दौरान हुई थी जब पीबी-65-बीबी-4893 बस आठ जुलाई दोपहर को चण्डीगढ़ के 43 सैक्टर से मनाली के लिए निकली थी। जिसे देर रात तीन बजे मनाली पहुंचना था। लिहाजा, यह बस कुल्लू मनाली के बीच लगे डोहलू नाला टोल प्लाजा पर आठ जुलाई की रात करीब 1:21 पर मनाली की ओर रवाना हुई थी।
अनुमान है कि करीब रात दो बजे के आसपास मनाली के ग्रीन टैक्स बैरियर के आसपास पहुंची होगी और इसी दौरान यह बस व्यास नदी में बह गई। जिसका कई दिनों तक सुराग नहीं मिला लेकिन मंडी क्षेत्र में बस के चालक का शव मिला था। उसके बाद बस की तलाश शुरू कर दी गई थी।
पुलिस अधीक्षक साक्षी वर्मा ने कहा कि मृतकों की पहचान अब्दुल मजीद (55)पुत्र सद्दीक, परवीन (40) पत्नी बहार, अलमीरा पुत्री बहार निवासी लालगंज चौराहा, कासिम अली अमेठी, यूपी के रूपके रूप में हुई है। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।


