
मतदान के दिन कानून-व्यवस्था बनाए रखने की अपील
उल्हासनगर (Ulhasnagar) : उल्हासनगर महानगरपालिका चुनाव के दौरान शांति और व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन ने शहर को एक सुरक्षित किले में तब्दील कर दिया है। मतदान के दिन किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए 220 पुलिस अधिकारी, 1,250 पुलिसकर्मी और 1,500 होमगार्डों की विशाल फौज तैनात की गई है। इसके अलावा, सुरक्षा को अतिरिक्त मजबूती देने के लिए राज्य रिजर्व पुलिस बल (State Reserve Police Force)(SRPF) की दो प्लाटून भी तैनात की गई हैं, जो शहर के संवेदनशील इलाकों में फ्लैग मार्च और निगरानी करेंगी।
अधिकारी स्तर पर विशेष निगरानी
चुनाव की संवेदनशीलता को देखते हुए उच्च स्तरीय अधिकारियों को कमान सौंपी गई है। सुरक्षा व्यवस्था का नेतृत्व एक अतिरिक्त पुलिस आयुक्त करेंगे, जिनके साथ दो उप पुलिस आयुक्त (DCP), चार सहायक पुलिस आयुक्त (ACP) और 25 पुलिस निरीक्षक मुस्तैद रहेंगे। ये अधिकारी न केवल मतदान केंद्रों बल्कि बाजारों, मुख्य चौराहों और विवादित वार्डों में पैदल और वाहन गश्त के जरिए पल-पल की स्थिति पर नजर रखेंगे। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी होने पर त्वरित प्रतिक्रिया बल (QRT) भी तैयार रहेगा।
संवेदनशील वार्ड और सख्त निरोधात्मक कार्रवाई
पुलिस ने शहर के 22 वार्डों को संवेदनशील घोषित किया है, जिनमें वार्ड क्रमांक 5, 7, 14 और 15 को ‘अति-संवेदनशील’ की श्रेणी में रखा गया है। हिंसा और डर के माहौल को खत्म करने के लिए पुलिस ने अब तक 421 संदिग्ध लोगों को एहतियाती हिरासत में लिया है और 10 शातिर अपराधियों को शहर से तड़ीपार (निष्कासित) किया गया है। हथियारों के दुरुपयोग को रोकने के लिए 260 लाइसेंसधारकों से उनके रिवॉल्वर जमा कराए गए हैं और अवैध हथियारों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए छह पिस्तौलें जब्त की गई हैं।
निर्भय मतदान की अपील और अफवाहों पर रोक
पुलिस उपायुक्त सचिन गोरे ने शहरवासियों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और निर्भय होकर अपने मताधिकार का प्रयोग करें। सोशल मीडिया पर समाज में फूट डालने वाले या भड़काऊ संदेश प्रसारित करने वालों के खिलाफ साइबर सेल कड़ी नजर रख रही है। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य एक पारदर्शी, सुरक्षित और अनुशासित वातावरण में चुनाव संपन्न कराना है, ताकि हर नागरिक बिना किसी दबाव के अपना वोट डाल सके।


