नई दिल्ली : (New Delhi) उच्चतम न्यायालय (Supreme Court) ने गुजरात के पत्रकार महेश लांगा को मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में अंतरिम जमानत दे दी है। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली बेंच ने ट्रायल कोर्ट (Chief Justice Surya Kant) को निर्देश दिया कि वो इस मामले की रोजाना सुनवाई करे। मामले की अगली सुनवाई 6 जनवरी को होगी।
कोर्ट ने महेश लांगा (Mahesh Langa) से कहा कि वो सुनवाई के दौरान कोई भी स्थगन की मांग नहीं करें। कोर्ट ने महेश लांगा को निर्देश दिया कि वो अपने खिलाफ चल रहे इस मामले पर अखबार में कोई लेख न लिखें। सुनवाई के दौरान ईडी की ओर से पेश सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने जमानत का विरोध करते हुए कहा कि किसी पत्रकार की ओर से पैसे की उगाही करना एक गंभीर अपराध है और उसे जमानत नहीं दी जानी चाहिए।
इसके पहले गुजरात उच्च न्यायालय ने 31 जुलाई को महेश लांगा की जमानत याचिका यह कहते हुए खारिज कर दी थी कि जमानत मिलने से अभियोजन पक्ष के मामले को नुकसान पहुंच सकता है। लांगा को 2024 में जीएसटी के एक फर्जीवाड़ा के मामले में गिरफ्तार किया गया था। उसके बाद मनी लॉन्ड्रिंग का भी मामला दर्ज कर दिया गया।


