
नई दिल्ली : (New Delhi) घरेलू सर्राफा बाजार में गिरावट का सामना करने के साथ ही मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (Multi-Commodity Exchange) (MCX) पर भी चांदी के भाव में आज बड़ी गिरावट दर्ज की गई है। एमसीएक्स पर आज चांदी पिछले सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन शुक्रवार के क्लोजिंग प्राइस से लगभग चार प्रतिशत टूट कर 2,35,208 रुपये प्रति किलोग्राम के स्तर तक गिर गई। हालांकि बाद में चांदी के भाव में थोड़ा सुधार हुआ, जिसकी वजह से दोपहर 12:30 बजे तक एमसीएक्स पर यह चमकीली धातु 2,35,605 रुपये प्रति किलोग्राम के स्तर पर कारोबार कर रही थी।
एमसीएक्स पर सोने के भाव में भी आज गिरावट का रुख बना हुआ है। एमसीएक्स पर सोना पिछले सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन शुक्रवार के क्लोजिंग प्राइस की तुलना में एक प्रतिशत से अधिक टूट कर 1,54,125 रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर तक गिर गया था। हालांकि बाद में इसकी स्थिति में मामूली सुधार आया, जिससे दोपहर 12:30 बजे सोना एमसीएक्स पर 1,54,260 रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर पर कारोबार कर रहा था। अंतरराष्ट्रीय बाजार (international market) में भी सोना आज 1.10 प्रतिशत लुढ़क कर 4,988.04 डॉलर प्रति औंस के स्तर पर आ गया है। वहीं अप्रैल में डिलीवरी वाला यूएस गोल्ड फ्यूचर्स 0.81 प्रतिशत की गिरावट के साथ फिलहाल 5,006.60 डॉलर प्रति औंस के स्तर पर कारोबार करता हुआ नजर आ रहा है।
इससे पहले जनवरी माह में चांदी की कीमत चार लाख रुपये प्रति किलोग्राम के स्तर को भी पार कर गई थी, लेकिन उसके बाद प्रॉफिट बुकिंग और कंसोलिडेशन के कारण इस चमकीली धातु की कीमत में बड़ी गिरावट आई। चांदी फिलहाल अपने सर्वोच्च स्तर से करीब डेढ़ लाख रुपए तक टूट चुकी है। आज अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी चांदी का हाजिर भाव 3.2 प्रतिशत की गिरावट के साथ 74.50 डॉलर प्रति औंस के स्तर पर आ गया है।
मार्केट एक्सपर्ट्स (Market experts) का मानना है कि इस सप्ताह सोने और चांदी दोनों चमकीली धातुओं की कीमत में और गिरावट दर्ज की जा सकती है। इस सप्ताह अमेरिकी अर्थव्यवस्था का संकेत देने वाले कई महत्वपूर्ण आंकड़े आने वाले हैं। इनमें महंगाई, सकल घरेलू उत्पाद और श्रम संबंधी आंकड़े प्रमुख हैं। इसके साथ ही अमेरिकी फेडरल रिजर्व (US Federal Reserve) की नीतियां भी इस सप्ताह सोने और चांदी की कीमत पर असर डाल सकती हैं। जानकारों का कहना है कि सोना और चांदी में निवेश करने वाले निवेशक फिलहाल बुलियन कंसोलिडेशन पर नजर रखे हुए हैं। उन्हें बुलियन मार्केट में नए फंडामेंटल ट्रिगर का इंतजार है, जिससे सोने और चांदी की कीमत में उछाल आने की संभावना बन सकती है।


