नई दिल्ली/मुंबई : (New Delhi/Mumbai) सहजानंद मेडिकल टेक्नोलॉजीज (Sahajanand Medical Technologies) को अपने आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के लिए पूंजी बाजार नियामक भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) (Securities and Exchange Board of India) की मंजूरी मिल गई है। मंजूरी मिलने के बाद अब इनका रोडशो और आगे का प्राइस बैंड तय करने की शुरुआत होगी।
कंपनी ने मंगलवार को जारी बयान में बताया कि सेबी की वेबसाइट पर डाले गए दस्तावेजों में सोमवार को जानकारी दी गई है कि सहजानंद मेडिकल टेक्नोलॉजीज को सेबी से अपने आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) लाने के लिए फाइनल अप्रूवल मिल गया है। कंपनी ने 25 जुलाई, 2025 को सेबी के समक्ष अपने आईपीओ के लिए पेपर्स दाखिल किए थे।
हृदय रोग में इस्तेमाल होने वाले स्टेंट की विनिर्माता कंपनी सहजानंद मेडिकल टेक्नोलॉजीज (Sahajanand Medical Technologies, a manufacturer of cardiac stents) का आईपीओ पूरी तरह बिक्री पेशकश (ओएफएस) पर आधारित है। इसके तहत शारदा ट्रस्ट, समारा कैपिटल, कोटक प्री-आईपीओ कोष और एनएचपीईए स्पार्कल होल्डिंग 2.76 करोड़ शेयर बेचेंगे। इनकी फेस वैल्यू 1 रुपये प्रति शेयर है। सहजानंद का निर्गम पूरी तरह ओएफएस आधारित होगा।
सेबी के समक्ष जमा दस्तावेज के मुताबिक मोतीलाल ओसवाल इन्वेस्टमेंट एडवाइज़र्स लिमिटेड, एवेंडस कैपिटल प्राइवेट लिमिटेड, एचएसबीसी सिक्योरिटीज एंड कैपिटल मार्केट्स (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड और नुवामा वेल्थ मैनेजमेंट लिमिटेड बुक-रनिंग लीड मैनेजर हैं और एमयूएफजी इनटाइम इंडिया प्राइवेट लिमिटेड इस इश्यू का रजिस्ट्रार है। कंपनी के शेयर का बीएसई और एनएसई में सूचीबद्ध किए जाने का प्रस्ताव है।
उल्लेखनीय है कि हृदयरोग में इस्तेमाल होने वाले स्टेंट की विनिर्माता कंपनी सहजानंद मेडिकल टेक्नोलॉजीज की स्थापना 2001 में हुई थी। यह एक प्रमुख चिकित्सा उपकरण फर्म है, जो दुनियाभर में संवहनी उपकरणों के अनुसंधान, विकास, उत्पादन और विपणन में विशेषज्ञता रखती है।


