नई दिल्ली :(New Delhi) फैब्रिक इंडस्ट्री (fabric industry) के लिए काम करने वाली कंपनी गेम चेंजर्स टेक्सफैब के शेयरों ने आज स्टॉक मार्केट में मजबूत एंट्री करने में सफलता हासिल की। आईपीओ के तहत कंपनी के शेयर 102 रुपये के भाव पर जारी किए गए थे। आज बीएसई के एसएमई प्लेटफॉर्म (BSE’s SME platform) पर इसकी लिस्टिंग करीब 2.11 प्रतिशत प्रीमियम के साथ 104.15 रुपये के स्तर पर हुई। लिस्टिंग के बाद लिवाली के सपोर्ट से इस शेयर की चाल में और तेजी आ गई। सुबह 10:30 बजे तक का कारोबार होने के बाद कंपनी के शेयर 108 रुपये के स्तर पर कारोबार कर रहे थे। इस तरह अभी तक के कारोबार में कंपनी के आईपीओ निवेशकों को 5.88 प्रतिशत का मुनाफा हो चुका है।
गेम चेंजर्स टेक्सफैब (Game Changers Texfab) का 54.84 करोड़ रुपये का आईपीओ 28 से 30 अक्टूबर के बीच सब्सक्रिप्शन के लिए खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों की ओर से एवरेज रिस्पॉन्स मिला था, जिसके कारण ये ओवरऑल 1.17 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इनमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (qualified institutional buyers) (QIBs) के लिए रिजर्व पोर्शन 1.01 गुना सब्सक्राइब हुआ था। वहीं, नॉन इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (non-institutional investors) (NIIs) के लिए रिजर्व पोर्शन में 1.48 गुना सब्सक्रिप्शन आया था। इसी तरह रिटेल इन्वेस्टर्स के लिए रिजर्व पोर्शन 1.18 गुना सब्सक्राइब हो सका था। इस आईपीओ के तहत 10 रुपये फेस वैल्यू वाले 53.76 लाख नए शेयर जारी किए गए हैं। आईपीओ के जरिये जुटाए गए पैसे का इस्तेमाल कंपनी वर्किंग कैपिटल की जरूरतों को पूरा करने और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों में करेगी।
कंपनी की वित्तीय स्थिति की बात करें तो कैपिटल मार्केट रेगुलेटर सेबी के पास जमा कराए गए ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (Draft Red Herring Prospectus) (DRHP) में किए गए दावे के मुताबिक इसकी वित्तीय सेहत लगातार मजबूत हुई है। वित्त वर्ष 2022-23 में कंपनी को 53 लाख रुपये का शुद्ध लाभ हुआ था, जो अगले वित्त वर्ष 2023-24 में बढ़ कर 4.27 करोड़ रुपये और 2024-25 में उछल कर 12.07 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। इस दौरान कंपनी की आय में उतार-चढ़ाव होता रहा। वित्त वर्ष 2022-23 में इसे 100.58 करोड़ रुपये का कुल राजस्व प्राप्त हुआ, जो वित्त वर्ष 2023-24 में घट कर 97.86 करोड़ और वित्त वर्ष 2024-25 में उछल कर 115.59 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। मौजूदा वित्त वर्ष की पहली तिमाही यानी अप्रैल से जून 2025 में कंपनी को 4.27 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ। इसी तरह इस अवधि में कंपनी को 24.11 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ।
इस दौरान कंपनी के कर्ज में भी उतार-चढ़ाव होता रहा। वित्त वर्ष 2022-23 के अंत में कंपनी पर 6.46 करोड़ रुपये के कर्ज का बोझ था, जो वित्त वर्ष 2023-24 में घट कर 5.54 करोड़ रुपये और वित्त वर्ष 2024-25 में उछल कर 5.66 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। मौजूदा वित्त वर्ष की पहली तिमाही यानी अप्रैल से जून 2025 की बात करें, तो इस दौरान कंपनी पर लदे कर्ज का बोझ 9.88 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया।
इस दौरान कंपनी के रिजर्व और सरप्लस में भी मामूली उतार-चढ़ाव के साथ बढ़ोतरी हुई। वित्त वर्ष 2022-23 में ये 4.64 करोड़ रुपये के स्तर पर था, जो 2023-24 में बढ़ कर 8.90 करोड़ रुपये हो गया। इसी तरह 2024-25 में कंपनी का रिजर्व और सरप्लस थोड़ा कम होकर 8.49 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। वहीं, मौजूदा वित्त वर्ष की पहली तिमाही यानी अप्रैल से जून 2025 तक ये 12.76 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया।
इसी तरह ईबीआईटीडीए (Earnings Before Interest, Taxes, Depreciation and Amortization) 2022-23 में 1.26 करोड़ रुपये के स्तर पर था, जो 2023-24 में बढ़ कर 6.73 करोड़ रुपये हो गया। इसी तरह 2024-25 में कंपनी का ईबीआईटीडीए 18.59 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। वहीं मौजूदा वित्त वर्ष की पहली तिमाही यानी अप्रैल से जून 2025 तक ये 6.05 करोड़ रुपये के स्तर पर रहा।


