नई दिल्ली : (New Delhi) डाक विभाग (Department of Posts) ने अपनी लॉजिस्टिक्स पोस्ट सेवा से एक अनूठा और ऐतिहासिक कार्य करते हुए बेंगलुरु से अयोध्या तक भगवान श्रीराम की बहुमूल्य तंजावुर कला कृति (Thanjavur artwork of Lord Shri Ram from Bengaluru to Ayodhya) को सुरक्षित रूप से पहुंचाया। यह कलाकृति श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र, अयोध्या में स्थापित की गई है।
केंद्रीय संचार मंत्रालय (Union Ministry of Communications) के अनुसार, यह अद्वितीय चित्रकला पारंपरिक तंजावुर शैली में बनाई गई है, जिसमें स्वर्ण आधार पर बहुमूल्य और अर्ध-बहुमूल्य पत्थरों का प्रयोग किया गया है। इसे बेंगलुरु की जयश्री फनीश ने श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र (Shri Ram Janmabhoomi Teerth Kshetra by Jayshree Phanish of Bengaluru) को भेंट किया। 12 गुणा 8 फीट आकार और लगभग 800 किलोग्राम वजन वाली इस विशाल कलाकृति को विशेष रूप से तैयार लकड़ी के क्रेट और बहु-स्तरीय पैकिंग में सुरक्षित किया गया। पूरे सफर के दौरान विभागीय अधिकारियों ने वाहन के साथ रहकर इसकी निगरानी की।
इस कलाकृति को लेकर डाकविभाग का वाहन 17 दिसंबर को बेंगलुरु से रवाना हुआ और लगभग 1,900 किलोमीटर की दूरी तय कर 22 दिसंबर (17th and arrived in Ayodhya on December 22nd) को अयोध्या पहुंचा। लोडिंग और अनलोडिंग की प्रक्रिया क्रेन और विशेष उपकरणों की मदद से अत्यंत सावधानीपूर्वक की गई।
इस मिशन को पहली बार उच्च-मूल्य लॉजिस्टिक्स पोस्ट कंसाइनमेंट के रूप में अंजाम दिया गया। इसमें कर्नाटक, तेलंगाना, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के डाक परिपत्रों के बीच करीबी समन्वय किया गया। मार्ग बेंगलुरु, हैदराबाद, नागपुर, जबलपुर, रीवा, प्रयागराज होते हुए अयोध्या तक वरिष्ठ अधिकारियों ने लगातार निगरानी रखी। अंतिम चरण में घने कोहरे के बावजूद पार्सल को सुरक्षित और सुगमता से पहुंचाया गया।
अयोध्या पहुंचने पर यह कलाकृति औपचारिक रूप से सौंप दी गई और श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र में महासचिव चंपत राय की उपस्थिति में स्थापित की गई।


