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New Delhi : स्टॉक मार्केट में अवाना इलेक्ट्रोसिस्टम्स की जोरदार शुरुआत

New Delhi: Avana Electrosystems Makes a Strong Debut on the Stock Market

नई दिल्ली : (New Delhi) इलेक्ट्रिकल इक्विपमेंट बनाने वाली कंपनी अवाना इलेक्ट्रोसिस्टम्स (Avana Electrosystems) के शेयरों ने आज स्टॉक मार्केट में मजबूत एंट्री करके अपने आईपीओ निवेशकों को खुश कर दिया। आईपीओ के तहत कंपनी के शेयर 59 रुपये के भाव पर जारी किए गए थे। आज एनएसई के एसएमई प्लेटफॉर्म (NSE SME platform) पर इसकी लिस्टिंग करीब 31 प्रतिशत प्रीमियम के साथ 77.50 रुपये के स्तर पर हुई।

लिस्टिंग के बाद लिवाली के सपोर्ट से इस शेयर की चाल में उतार चढ़ाव शुरू हो गया। मुनाफावसूली का दबाव बनने पर ये शेयर कुछ देर के लिए 73.65 रुपये के लोअर सर्किट पर भी आया और लिवाली का सपोर्ट मिलने पर उछल कर 81.35 रुपये के अपर सर्किट तक भी गया। बाजार में लगातार जारी खरीद-बिक्री के बीच दोपहर एक बजे तक का कारोबार होने के बाद कंपनी के शेयर 80 रुपये के स्तर पर कारोबार कर रहे थे। इस तरह अभी तक के कारोबार में कंपनी के आईपीओ निवेशकों (IPO investors) को 35.95 प्रतिशत का मुनाफा हो चुका है।

अवाना इलेक्ट्रोसिस्टम्स का 35.22 करोड़ रुपये का आईपीओ 12 से 14 जनवरी के बीच सब्सक्रिप्शन के लिए खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों की ओर से शानदार रिस्पॉन्स मिला था, जिसके कारण ये ओवरऑल 131.82 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इनमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (Qualified Institutional Buyers) (QIBs) के लिए रिजर्व पोर्शन 54.97 गुना सब्सक्राइब हुआ था। वहीं नॉन इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (Non-Institutional Investors) (NIIs) के लिए रिजर्व पोर्शन में 219.02 गुना सब्सक्रिप्शन आया था। इसी तरह रिटेल इन्वेस्टर्स के लिए रिजर्व पोर्शन 137.52 गुना सब्सक्राइब हुआ था।

इस आईपीओ के तहत 10 रुपये फेस वैल्यू वाले कुल 59.70 लाख शेयर जारी किए गए हैं। इनमें 48.76 लाख नए शेयर जारी किए गए हैं, जबकि 7.94 लाख शेयर ऑफर फॉर सेल विंडो के जरिये बेचे जा रहे हैं। आईपीओ के जरिये नए शेयरों से जुटाए गए पैसे का इस्तेमाल कंपनी वर्किंग कैपिटल की जरूरतों को पूरा करने और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों में करेगी।

कंपनी की वित्तीय स्थिति की बात करें तो कैपिटल मार्केट रेगुलेटर सेबी के पास जमा कराए गए ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (Draft Red Herring Prospectus) (DRHP) में किए गए दावे के मुताबिक इसकी वित्तीय सेहत में लगातार मजबूती आई है। वित्त वर्ष 2022-23 में कंपनी को 92 लाख रुपये का शुद्ध लाभ हुआ था, जो अगले वित्त वर्ष 2023-24 में बढ़ कर 4.02 करोड़ रुपये हो गया। इसके बाद वित्त वर्ष 2024-25 में कंपनी का शुद्ध लाभ उछल कर 8.31 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। वहीं मौजूदा वित्त वर्ष की पहली छमाही यानी अप्रैल से 30 सितंबर 2025 की अवधि में कंपनी को 5.61 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हो चुका है।

इस दौरान कंपनी की राजस्व प्राप्ति में भी मजबूती बनी रही। वित्त वर्ष 2022-23 में इसे 28.59 करोड़ का कुल राजस्व प्राप्त हुआ, जो वित्त वर्ष 2023-24 में बढ़ कर 53.26 करोड़ और वित्त वर्ष 2024-25 में उछल कर 62.93 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। मौजूदा वित्त वर्ष की पहली छमाही यानी अप्रैल से 30 सितंबर 2025 की अवधि में कंपनी को 36.28 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हो चुका है।

इस अवधि में कंपनी पर लदे कर्ज के बोझ में उतार चढ़ाव होता रहा। वित्त वर्ष 2022-23 के अंत में कंपनी पर 7.33 करोड़ रुपये के कर्ज का बोझ था, जो वित्त वर्ष 2023-24 में बढ़ कर 9.27 करोड़ रुपये और वित्त वर्ष 2024-25 में कम होकर 5.69 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। मौजूदा वित्त वर्ष की पहली छमाही यानी सितंबर 2025 तक कंपनी पर लदे कर्ज का बोझ 5.68 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया था।

इस अवधि में कंपनी के रिजर्व और सरप्लस में भी बढ़ोतरी हुई। वित्त वर्ष 2022-23 में ये 8.67 करोड़ रुपये के स्तर पर था, जो 2023-24 में बढ़ कर 12.69 करोड़ रुपये और 2024-25 में उछल कर 21.01 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। वहीं मौजूदा वित्त वर्ष की पहली छमाही यानी अप्रैल से 30 सितंबर 2025 तक ये 9.95 करोड़ रुपये के स्तर पर था।

इसी तरह ईबीआईटीडीए (Earnings Before Interest, Taxes, Depreciation, and Amortization) 2022-23 में 1.92 करोड़ रुपये के स्तर पर था, जो 2023-24 में बढ़ कर 7.42 करोड़ रुपये हो गया। इसी तरह 2024-25 में कंपनी का ईबीआईटीडीए 12.52 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। वहीं मौजूदा वित्त वर्ष की पहली छमाही यानी 30 सितंबर 2025 तक ये 7.63 करोड़ रुपये के स्तर पर रहा।

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