समान नागरिक कानून के लिए एक समिति का गठन करें सरकार
मुंबई : जहां कांग्रेस, एनसीपी केंद्र सरकार द्वारा प्रस्तावित नागरिकता संशोधन विधेयक (सीएए) का विरोध कर रही है, वहीं अब सत्ता पक्ष एक समान नागरिकता कानून की मांग कर रहा है। भाजपा के कांदिवली विधायक अतुल भातखलकर ने इस संबंध में मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को पत्र लिखा है और मांग की है कि राज्य में समान नागरिक कानून बनाने के लिए तुरंत एक समिति का गठन किया जाए। इस मांग को लेकर राज्य में नया विवाद छिड़ने की संभावना है। उत्तराखंड सरकार द्वारा नियुक्त समिति के खिलाफ दायर एक याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुनाया है कि राज्यों को एक समान नागरिक कानून बनाने का अधिकार है। उस संदर्भ के अनुसार भातखलकर ने पत्र में कहा है कि महाराष्ट्र राज्य में भी एक समान नागरिक कानून लाने के लिए एक समिति नियुक्त की जानी चाहिए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तीन तलाक को खत्म कर मुस्लिम बहनों को असली न्याय दिया है। तदनुसार, भातखलकर ने पत्र में यह भी कहा है कि यदि राज्य में समान नागरिक कानून लागू किया जाता है, तो पुरुषों और महिलाओं के बीच वास्तविक समानता होगी। उन्होंने यह भी विश्वास जताया है कि मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री उनकी मांग पर सकारात्मक विचार करेंगे।


