मुंबई : (Mumbai) देश की आर्थिक राजधानी मुंबई (financial capital Mumbai) में पिछले चार दिनों में तीन पुलिसकर्मियों द्वारा आत्महत्या की घटनाओं ने पुलिस बल और आम लोगों को झकझोर कर रख दिया है। कानून-व्यवस्था संभालने की जिम्मेदारी निभाने वाले इन जवानों ने आखिर किन हालात में यह कदम उठाया, इसका जवाब अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाया है।
शनिवार को अंधेरी के मरोल स्थित पुलिस कॉलोनी में तैनात कांस्टेबल मुकेश देव (45) (constable Mukesh Dev (45)) ने अपने घर में फांसी लगाकर जान दे दी। गोकुलाष्टमी के उत्सव के बीच हुई इस घटना ने सभी को हैरान कर दिया। देव को कूपर अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
इससे पहले 13 अगस्त को समता नगर पुलिस स्टेशन के अधिकारी गणेश राउल (32) (Samta Nagar Police Station officer Ganesh Raul (32)) ने नालासोपारा रेलवे स्टेशन पर ट्रेन के सामने कूदकर आत्महत्या कर ली थी। वहीं, 14 अगस्त को भायंदर में कांस्टेबल ऋतिक चौहान (25) (Constable Hrithik Chauhan (25)) ने फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। चार दिन में तीन पुलिसकर्मियों की आत्महत्या से सवाल उठ रहे हैं कि आखिर पुलिस बल के भीतर ऐसा कौन-सा दबाव है, जो जवानों को इस अंजाम तक पहुंचा रहा है। फिलहाल, तीनों मामलों में पुलिस जांच जारी है।


