
कोलकाता : (Kolkata) कोलकाता के दक्षिणी बाहरी इलाके आनंदपुर (Anandapur, a southern suburb of Kolkata) में स्थित दो गोदामों में लगी भीषण आग में मरने वालों की संख्या बढ़कर 21 हो गई है। पुलिस ने यह जानकारी दी। वहीं, अब भी करीब 27 लोग लापता हैं। इनकी तलाश जारी है।
इस बीच, जले हुए पुष्पांजलि डेकोरेटर्स गोदाम के मालिक गंगाधर दास को पुलिस ने लापरवाही से मौत के आरोप में गिरफ्तार किया है। बुधवार को उन्हें अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है।
पुष्पांजलि डेकोरेटर्स (Pushpanjali Decorators) का गोदाम मोमो कंपनी वॉव मोमो के गोदाम से सटा हुआ था, जो आग में पूरी तरह जलकर खाक हो गया। मोमो कंपनी के मालिकों के खिलाफ भी समान धाराओं में मामला दर्ज किया गया है, हालांकि, अब तक कंपनी से किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।
वॉव मोमो ने बुधवार रात बयान जारी कर कहा कि इस हादसे में कंपनी के तीन कर्मचारियों की मौत हुई है। बयान में कहा गया कि 26 जनवरी तड़के करीब तीन बजे पास के एक गोदाम में लगी आग फैलकर उनके गोदाम तक पहुंच गई, जिससे वह पूरी तरह नष्ट हो गया।
कंपनी ने मृतकों के परिवारों के लिए मुआवजा की घोषणा की है, जिसमें प्रत्येक परिवार को 10 लाख रुपये, आजीवन मासिक वेतन और बच्चों की पूरी शिक्षा का खर्च शामिल है। कंपनी ने यह भी दावा किया कि आग पड़ोसी गोदाम में अवैध रूप से खाना पकाने के कारण लगी।
आग सोमवार तड़के करीब तीन बजे लगी और मंगलवार दोपहर तक उस पर काबू पाया जा सका। घटना के समय वहां मौजूद लोगों की सटीक संख्या अब तक स्पष्ट नहीं हो पाई है। पुलिस के अनुसार, शव बुरी तरह झुलसने के कारण उनकी पहचान संभव नहीं हो पा रही है। अदालत से अनुमति मिलने के बाद डीएनए जांच के जरिए मृतकों की पहचान की जाएगी।
अग्निकांड के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है। दमकल विभाग की शिकायत पर नरेंद्रपुर थाने में लापरवाही से मौत का मामला दर्ज किया गया है। इसके अलावा पुलिस ने स्वतः संज्ञान लेते हुए भी मामला दर्ज किया है। इन्हीं मामलों के आधार पर मंगलवार रात गरिया इलाके से गंगाधर दास को गिरफ्तार किया गया।
दमकल विभाग के महानिदेशक रणवीर कुमार (Fire Department Director General Ranveer Kumar) ने मंगलवार को घटनास्थल का दौरा कर बताया कि गोदामों को कोई अग्नि सुरक्षा मंजूरी नहीं दी गई थी। उन्होंने स्वीकार किया कि विभागीय स्तर पर भी चूक हो सकती है, जिसकी जांच की जाएगी।
कोलकाता नगर निगम (Kolkata Municipal Corporation) (KMC) की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। दावा किया जा रहा है कि गोदाम भरे हुए आर्द्रभूमि (वेटलैंड) पर बनाए गए थे। हालांकि, कोलकाता के मेयर फिरहाद हकीम ने कहा कि उन्हें इस बात की जानकारी नहीं है कि गोदाम वेटलैंड पर बने थे या नहीं। उन्होंने यह भी कहा कि कोई नई वेटलैंड नहीं भरी जा रही है।
मेयर फिरहाद हकीम (Mayor Firhad Hakim) ने मंगलवार को घोषणा की कि अग्निकांड में मारे गए और लापता लोगों के परिवारों को 10-10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। शवों या अवशेषों की पहचान के बाद परिजनों को चेक सौंपे जाएंगे। वहीं, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बुधवार को घोषणा की कि इस अग्निकांड में जान गंवाने वाले प्रत्येक व्यक्ति के परिवार के एक सदस्य को सिविक वॉलंटियर की नौकरी दी जाएगी।


