
काठमांडू : (Kathmandu) नेपाल में अवैध रूप से बढ़ रहे ऑनलाइन सट्टेबाजी (बेटिंग) (illegal online betting) के खिलाफ सरकार ने बड़ा डिजिटल अभियान शुरू किया है। नेपाल दूरसंचार प्राधिकरण (Nepal Telecommunications Authority) ने इंटरनेट सेवा प्रदाताओं (Internet Service Providers) (आईएसपी) के साथ तकनीकी समन्वय करते हुए अब तक 7 हजार से अधिक सट्टेबाजी से जुड़े ऐप्लिकेशन और वेबसाइट (यूआरएल) को पूरी तरह बंद कर दिया है।
मंत्रिपरिषद की बैठक में स्वीकृत 100 बिंदुओं वाले ‘शासकीय सुधार’ (‘Governance Reform’) कार्यसूची के बिंदु संख्या 42 को लागू करने के क्रम में प्राधिकरण ने यह कड़ा कदम उठाया है। इस निर्णय में सट्टेबाजी से संबंधित सभी डिजिटल प्लेटफॉर्म को 24 घंटे के भीतर पहचान कर बंद करने का प्रावधान था। उसी निर्देश के अनुसार प्राधिकरण ने अपने तकनीकी तंत्र को सक्रिय कर संदिग्ध यूआरएल और ऐप्स की पहचान और ब्लॉकिंग प्रक्रिया को तेज किया है।
नेपाल दूरसंचार प्राधिकरण के उपनिदेशक सूर्यप्रसाद लामिछाने (Surya Prasad Lamichhane, Deputy Director of the Nepal Telecommunications Authority) के अनुसार, पिछले एक सप्ताह में ही ईमेल, टेलीफोन और मैसेज के माध्यम से ऑनलाइन सट्टेबाजी से संबंधित 50 से अधिक शिकायतें प्राप्त हुई थीं। इन सभी शिकायतों को संबोधित करते हुए प्राधिकरण ने अवैध सट्टेबाजी के नेटवर्क पर डिजिटल रोक लगाने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई है।
नेपाल के कानून में ऑनलाइन सट्टेबाजी को गंभीर अपराध माना गया है। अपराध संहिता की धारा 125 (4) के अनुसार कोई भी व्यक्ति सट्टेबाजी करने या करवाने का अधिकार नहीं रखता। यदि इस कानून का उल्लंघन होता है, तो सट्टेबाजी में उपयोग की गई पूरी रकम जब्त की जाएगी तथा एक वर्ष तक की कैद और 10 हजार रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। इसके अलावा, विज्ञापन (नियमन) अधिनियम के तहत जुआ या सट्टेबाजी को बढ़ावा देने वाले विज्ञापन भी पूरी तरह प्रतिबंधित हैं।
सरकार ने सट्टेबाजी ऐप और वेबसाइटों का उपयोग न करने की पुनः चेतावनी देते हुए स्पष्ट किया है कि अनधिकृत रूप से संचालन या उपयोग करते पाए जाने पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


