
काठमांडू : (Kathmandu) पश्चिम एशियाई देश लेबनान में संयुक्त राष्ट्र के शांति मिशन के तहत तैनात नेपाली सैनिकों के बटालियन मुख्यालय पर शुक्रवार देर रात को हवाई हमला हुआ। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक इस हमले में किसी भी प्रकार की मानवीय क्षति नहीं हुई है।
नेपाल के रक्षा मंत्रालय के मुताबिक यह हमला शुक्रवार देर रात को दक्षिण–पूर्वी लेबनान के अल-जाबेल क्षेत्र में हुआ। सैन्य प्रवक्ता ब्रिगेडियार जनरल राजाराम बस्नेत (Military spokesperson Brigadier General Rajaram) के मुताबिक ब्लू लाइन के नजदीक स्थित संयुक्त राष्ट्र मिशन के तहत तैनात नेपाली शांति सेना के बटालियन मुख्यालय पर ड्रोन से यह हमला किया गया। नेपाल की सेना लंबे समय से संयुक्त राष्ट्र के शांति मिशन के तहत विभिन्न संघर्षग्रस्त क्षेत्रों में तैनात रही है। लेबनान में भी नेपाली सैनिक संयुक्त राष्ट्र अंतरिम बल के तहत सीमा क्षेत्र में शांति और सुरक्षा बनाए रखने, निगरानी करने तथा स्थानीय नागरिकों की सहायता करने का कार्य कर रहे हैं।
जिस क्षेत्र में हमला हुआ, वह क्षेत्र लेबनान और इजरायल (Lebanon and Israel) की सीमा के पास स्थित संवेदनशील इलाकों में गिना जाता है। यह हमला ब्लू लाइन के आसपास बढ़ते सैन्य तनाव के बीच हुआ। ब्लू लाइन वह अंतरराष्ट्रीय सीमा रेखा है जिसे संयुक्त राष्ट्र ने लेबनान और इजरायल के बीच सीमा निर्धारण के लिए चिह्नित किया है। इस क्षेत्र में अक्सर सैन्य गतिविधियां और तनाव देखने को मिलते हैं, इसलिए संयुक्त राष्ट्र के शांति सैनिक वहां निगरानी और स्थिरता बनाए रखने का काम करते हैं। नेपाली शांति सैनिकों के बटालियन मुख्यालय पर हुए इस हमले में कोई हताहत नहीं हुआ है, फिर भी घटना को गंभीर माना जा रहा है।
नेपाली सेना के तरफ से कहा गया है कि नेपाल का विदेश मंत्रालय, रक्षा मंत्रालय और संयुक्त राष्ट्र मिशन (United Nations mission) इस हमले की प्रकृति और इसके पीछे की वजहों की जांच कर रहे हैं। इस घटना पर नजर बनाए रखने के साथ ही लेबनान में तैनात नेपाली सैनिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए संयुक्त राष्ट्र के साथ समन्वय बनाए रखने की बात कही गई है।


