
5.72 लाख से अधिक यात्रियों ने किया सफर
कलबुर्गी : (Kalaburagi) कलबुर्गी–सर मोक्षगुंडम विश्वेश्वरैया टर्मिनल (एसएमवीटी) (Kalaburagi-Sir Mokshagundam Visvesvaraya Terminal) बेंगलुरु वंदे भारत एक्सप्रेस (Bengaluru Vande Bharat Express) ने 12 मार्च 2026 को अपनी सेवा के दो वर्ष पूरे कर लिए। आधुनिक रेल कनेक्टिविटी और यात्रियों को बेहतर सुविधा देने के उद्देश्य से शुरू की गई इस ट्रेन ने अब तक 5.72 लाख से अधिक यात्रियों को सफर कराया है। ट्रेन की औसत ऑक्यूपेंसी 103.52 प्रतिशत दर्ज की गई है, जो इसकी लोकप्रियता को दर्शाती है। इस हाईस्पीड सेवा का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 12 मार्च को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए किया था। इसका उद्देश्य कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु और कल्याण कर्नाटक क्षेत्र के प्रमुख शहर कलबुर्गी के बीच तेज और विश्वस्तरीय रेल कनेक्टिविटी उपलब्ध कराना (rail connectivity between Bengaluru, the capital of Karnataka, and Kalaburagi) था।
यात्रा समय में हुई बड़ी कमी
ट्रेन संख्या 22231/22232 कलबुर्गी–एसएमवीटी बेंगलुरु वंदे भारत एक्सप्रेस 561 किलोमीटर की दूरी लगभग आठ घंटे में (Vande Bharat Express covers the 561-kilometer distance in approximately eight hours) तय करती है, जबकि पारंपरिक सुपरफास्ट ट्रेनों को इस दूरी को तय करने में 10 से 12 घंटे लगते हैं। इस प्रकार यात्रियों के करीब दो से चार घंटे तक की बचत होती है। यह ट्रेन सप्ताह में छह दिन चलती है और यादगीर, रायचूर, मंत्रालयम रोड, गुंटकल, अनंतपुर, साई पी निलयम और येलहंका में ठहराव करती है।
आधुनिक सुविधाओं से लैस ट्रेन
इस सेवा से कलबुर्गी, यादगीर और रायचूर जैसे शहरों की क्षेत्रीय कनेक्टिविटी बेहतर हुई है। साथ ही मंत्रालयम और पुट्टपर्थी जैसे धार्मिक स्थलों तक पहुंच भी आसान हुई है, जिससे तीर्थयात्रा और पर्यटन को बढ़ावा मिला है। इसके अलावा व्यापार, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच में भी सुधार हुआ है। आठ कोच वाली वंदे भारत ट्रेन में कुल 452 सीटें हैं, जिनमें 400 चेयर कार और 52 एग्जीक्यूटिव चेयर कार (eight-coach Vande Bharat train has a total of 452 seats, including 400 chair car and 52 executive chair car seats) सीटें शामिल हैं। आधुनिक सुविधाओं और तेज रफ्तार के कारण यह ट्रेन बिजनेस यात्रियों, छात्रों और पेशेवरों के बीच काफी लोकप्रिय बन चुकी है।


