ग्लासगो/अहमदाबाद : (Glasgow/Ahmedabad) भारत के लिए गर्व का क्षण आया (It’s a proud moment for India) है। अहमदाबाद को 2030 कॉमनवेल्थ सेंचुरी गेम्स (2030 Commonwealth Centenary Games) की मेजबानी औपचारिक रूप से सौंप दी गई है। स्कॉटलैंड के ग्लासगो में आयोजित कॉमनवेल्थ स्पोर्ट (General Assembly in Glasgow, Scotland) जनरल असेंबली में 74 सदस्य देशों के प्रतिनिधियों ने भारत के 2030 के मेजबानी प्रस्ताव को सर्वसम्मति से मंजूरी दे दी।
इस ऐतिहासिक निर्णय के साथ, भारत पहली बार कॉमनवेल्थ गेम्स के शताब्दी वर्ष का आयोजन करेगा। गुजरात की संस्कृति, रंगों और उत्सव को दर्शाते 20 गरबा डांसर्स और 30 भारतीय ड्रमर्स ने ग्लासगो में हुए समारोह को विशेष बना दिया, जिसने मेजबानी की घोषणा को एक सांस्कृतिक उत्सव का रूप दे दिया।
कॉमनवेल्थ स्पोर्ट ने यह भी बताया कि 2030 गेम्स में शामिल होने वाले कई खेलों की सूची पर काम जारी है और आने वाले समय में इसका अंतिम रूप घोषित किया जाएगा। कॉमनवेल्थ स्पोर्ट के अध्यक्ष डॉ डेमियन डेमार्को ने कहा कि अहमदाबाद में आयोजित होने वाला यह आयोजन एक नए अध्याय की शुरुआत होगा। उन्होंने इसे “भारत की जीवंतता, विविधता और बदलते वैश्विक खेल परिदृश्य का प्रतीक” बताया।
उन्होंने कहा, “भारत की मेजबानी कॉमनवेल्थ गेम्स के भविष्य के लिए आशा और नवाचार का संकेत है। अहमदाबाद का आयोजन हमें 2034 और 2038 गेम्स की तैयारियों के नए चरण में प्रवेश कराएगा।” उल्लेखनीय है कि अहमदाबाद के लिए तैयार की जा रही मेजबानी योजना ग्लासगो 2026 गेम्स की बुनियाद पर आधारित होगी। आयोजकों का कहना है कि यह खेल महोत्सव खेलों के साथ-साथ संस्कृति, नवाचार और नई वैश्विक भागीदारी का केंद्र बनेगा।
इस ऐतिहासिक फैसले के साथ भारत ने कॉमनवेल्थ गेम्स को एक नई दिशा देने की ओर कदम बढ़ा दिया है और 2030 के सेंचुरी गेम्स अब अहमदाबाद में नई ऊंचाइयों को छूने के लिए तैयार हैं।


