
देवरिया : (Deoria) उत्तर प्रदेश के परिवहन राज्य मंत्री ( स्वतंत्र प्रभार ) दयाशंकर सिंह (Dayashankar Singh, the Minister of State for Transport (Independent Charge) of Uttar Pradesh) ने रविवार को कहा कि लोकसभा में नारी शक्ति वंदन से जुडे महिला आरक्षण बिल (Women’s Reservation Bill) का विरोध कर कांग्रेस समेत समूचे विपक्ष ने भारतीय नारी का अपमान किया है। उन्होंने बिल पास न होने पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया।
प्रदेश के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने रविवार को जनपद देवरिया के विकास भवन (Vikas Bhawan complex) स्थित सभागार में प्रेस कांफ्रेंस की। उन्होंने कहा कि यह केवल एक विधायी प्रक्रिया का मुद्दा नहीं, बल्कि महिलाओं के अधिकारों और उनकी भागीदारी से जुड़ा महत्वपूर्ण विषय है। मंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि मोदी—योगी सरकार (Modi-Yogi government) महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्ध है और इस दिशा में हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। परिवहन मंत्री ने आगे कहा कि महिला आरक्षण से जुड़े बिल का उद्देश्य समाज में महिलाओं को अधिक प्रतिनिधित्व और अधिकार देना है। ऐसे में इसका पास न होना निश्चित रूप से चिंताजनक है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में हर बिल पर व्यापक चर्चा होनी आवश्यक है, लेकिन यह भी जरूरी है कि जनहित से जुड़े मुद्दों पर सकारात्मक निर्णय लिए जाएं। उन्होंने उम्मीद जताई कि भविष्य में इस बिल को लेकर सहमति बनेगी और इसे पारित किया जाएगा।
मंत्री ने विपक्ष पर भी कटाक्ष करते हुए कहा कि कुछ राजनीतिक कारणों से महत्वपूर्ण विधेयकों में देरी होती है, जिससे आम जनता, खासकर महिलाओं के हित प्रभावित होते हैं। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि सरकार सभी पक्षों के साथ संवाद बनाए रखने के पक्ष में है और इस मुद्दे पर भी बातचीत के जरिए समाधान निकालने की कोशिश करेगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार पहले से ही महिलाओं की सुरक्षा, शिक्षा और रोजगार के लिए कई योजनाएं चला रही है। परिवहन विभाग में भी महिलाओं के लिए विशेष सुविधाएं और अवसर बढ़ाए जा रहे हैं, जिससे वे आत्मनिर्भर बन सकें। सरकार महिला हितों से जुड़े अन्य प्रस्तावों को आगे बढ़ाने के लिए पूरी तरह तैयार है।


