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Dhaka : बांग्लादेश के संसदीय चुनाव में बीएनपी गठबंधन का परचम

Dhaka: BNP alliance wins Bangladesh parliamentary elections

तारिक रहमान के प्रधानमंत्री बनने की संभावना प्रबल
ढाका : (Dhaka)
बांग्लादेश के 13वें संसदीय चुनाव में बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (Bangladesh Nationalist Party) (BNP) गठबंधन ने परचम फहरा दिया है। देश की सत्ता से लगभग दो दशक बाहर रही बीएनपी ने शानदार प्रदर्शन किया है। बीएनपी नेता तारिक रहमान (BNP leader Tarique Rahman) को इस बड़ी जीत के लिए दुनिया भर बधाई संदेश प्राप्त हो रहे हैं, क्योंकि उनके प्रधानमंत्री बनने की प्रबल संभावना है। भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने उन्हें इस जीत का श्रेय दिया है।

ढाका ट्रिब्यून के अनुसार इस चुनाव में बीएनपी गठबंधन को 216, जमात गठबंधन को 76, स्वतंत्र व अन्य को सात सीटों पर जीत हासिल हुई है। कट्टरपंथी जमात-ए-इस्लामी का सत्ता में आने का सपना चकनाचूर हो गया है। शेख हसीना की सरकार गिराने वाले छात्र नेता की पार्टी को मतदाताओं ने नकार दिया। अपदस्थ प्रधानमंत्री शेख हसीना (Sheikh Hasina’s government) की अवामी लीग को इस बार चुनाव लड़ने से रोक दिया गया। बीएनपी को कभी अवामी लीग के गढ़ रहे गोपालगंज के अलावा खुलना, सिलहट, चटगांव, ठाकुरगंज में शानदार जीत मिली है।

बांग्लादेश के प्रमुख अखबार प्रोथोम अलो (Prothom Alo) के अनुसार संसद की 299 सीटों में से 297 का अनाधिकारिक परिणाम सामने आ चुका है। इनमें से बीएनपी और उसके सहयोगियों ने 212, जमात-ए-इस्लामी और उसके सहयोगियों ने 77, इस्लामी आंदोलन बांग्लादेश ने एक, स्वतंत्र और अन्य ने सात सीट पर जीत दर्ज की है। अब तक नेशनल पार्टी का खाता नहीं खुल सका है।

तारिक रहमान (Tariq Rahman) पूर्व राष्ट्रपति जिया-उर- रहमान और पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया के बेटे हैं। करीब 17 साल के निर्वासन के बाद तारिक पत्नी जुबैदा रहमान और बेटी लंदन से पिछले साल 25 दिसंबर को बांग्लादेश लौटे। ढाका में उनका अभूतपूर्व स्वागत किया गया। हवाई अड्डे पर उतरने के बाद वह सीधे अपनी बीमार मां और पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया से मिलने अस्पताल पहुंचे। 30 दिसंबर को खालिदा का निधन हो गया। चुनाव विश्लेषक मां के निधन को इस चुनाव में मिली जीत के लिए सहानुभूति की लहर बता रहे हैं।

बांग्लादेश निर्वाचन आयोग के जनसंपर्क विभाग के निदेशक रूहुल अमीन मलिक (Ruhul Amin Malik) ने आज सुबह करीब 11:30 बजे एक संक्षिप्त बयान में जानकारी दी कि गुरुवार को हुए 13वें संसदीय चुनाव और राष्ट्रीय जनमत संग्रह में कुल पंजीकृत मतदाताओं में से 59.44 प्रतिशत ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। चुनाव परिणामों की देरी के आरोपों पर आयोग के अधिकारियों ने तर्क दिया कि अधिकतर निर्वाचन क्षेत्रों में डाकमत्रों को शामिल करने के लिए सही जानकारी न मिल पाने की वजह से ऐसा हुआ। पूरी जानकारी जुटाने में वक्त लगा। आनन-फानन में जारी आंकड़ों से भ्रम हो सकता था। मतों की गिनती पूरी होने के बाद ही अंतिम मतदान प्रतिशत (59.44 प्रतिशत) की पुष्टि हो सकी है।

इस देरी पर प्रमुख विपक्षी दल मुख्य प्रतिद्वंदी दल जमात-ए-इस्लामी ने नाखुशी जताई है। जमात ने अपने सत्यापित फेसबुक पेज पर यह टिप्पणी की। जमात ने टिप्पणी में सकारात्मक और शांतिपूर्ण तरीके में मतदान करने के लिए लोगों का आभार भी जताया है। जमात ने नतीजों की देरी से की गई घोषणा पर गड़बड़ी की ओर इशारा किया है। जमात ने आरोप लगाया है कि प्रशासन के एक वर्ग ने एक बड़े दल को फायदा पहुंचाने के लिए ऐसा किया। इससे मतगणना प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल उठे हैं। जमात ने समर्थकों से धैर्य रखने और 11-पार्टियों गठबंधन के अगले आधिकारिक कदमों का इंतजार करने का आग्रह किया है।

भारत के प्रधानमंत्री ने दी बधाईः

दुनिया के कई देशों के राष्ट्राध्यक्षों के साथ भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (Indian Prime Minister Narendra Modi) ने चुनाव में बीएनपी के शानदार प्रदर्शन पर खुशी जताई है। उन्होंने इस जीत के लिए बीएनपी अध्यक्ष तारिक रहमान को बधाई दी है। प्रधानमंत्री ने आज सुबह बांग्ला और अंग्रेजी भाषा में बधाई संदेश अपने ‘एक्स’ हैंडल पर साझा किए। प्रधानमंत्री मोदी ने लिखा ”बांग्लादेश में हुए संसदीय चुनाव में बीएनपी को निर्णायक जीत दिलाने के लिए मैं तारिक रहमान को हार्दिक बधाई देता हूं। यह परिणाम बांग्लादेश की जनता के आपके नेतृत्व पर विश्वास का प्रतिबिंब है। भारत लोकतांत्रिक, प्रगतिशील और समावेशी बांग्लादेश के लिए अपना समर्थन जारी रखेगा।” उन्होंने लिखा, ”मैं हमारे बहुआयामी संबंधों को और मजबूत करने और हमारे साझा विकास लक्ष्यों को आगे बढ़ाने के लिए आपके साथ काम करने के लिए उत्सुक हूं।”

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