
कोलकाता : (Kolkata) चुनाव आयोग (Election Commission) ने पश्चिम बंगाल में आगामी चुनावों को देखते हुए प्रशासन में बड़े फेरबदल के निर्देश दिए हैं। आयोग ने राज्य सरकार से उन सभी वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों का तबादला करने को कहा है, जो पिछले तीन साल या उससे ज्यादा समय से एक ही जिले या पद पर तैनात हैं। चुनाव आयोग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बुधवार को इसकी जानकारी दी।
इन प्रशासनिक अधिकारियों का होगा फेरबदल?
आयोग के निर्देश के मुताबिक, यह आदेश जिला मजिस्ट्रेट (डीएम), अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट (एडीएम), ब्लॉक विकास अधिकारी (बीडीओ) और उप-मंडल अधिकारी (एसडीओ) जैसे जिला स्तर के सभी प्रशासनिक अधिकारियों पर लागू होगा। पुलिस विभाग में भी बड़े बदलाव देखने को मिलेंगे। इसमें आईजी (आईजी), डीआईजी (डीआईडी), एसपी (एसपी) और अतिरिक्त जैसे सीनियर पुलिस अधिकारी भी शामिल हैं।
चुनाव आयोग ने क्या कहा?
चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि यह कदम स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव (ensure free, fair, and transparent elections) सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है। आयोग का मानना है कि लंबे समय तक एक ही जगह तैनात रहने से चुनावी प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है। प्रशासनिक तटस्थता बनाए रखने के लिए यह एक सामान्य प्रक्रिया है, जिसे आयोग हर बड़े चुनाव से पहले अपनाता है।
इन अधिकारियों को मिलेगी राहत
आयोग ने एक और महत्वपूर्ण नियम लागू किया है। जो अधिकारी पिछले विधानसभा चुनाव के दौरान किसी जिले में जिला मजिस्ट्रेट, रिटर्निंग ऑफिसर (District Magistrates, Returning Officers, or Inspectors) या इंस्पेक्टर के रूप में तैनात थे, उन्हें इस बार उस जिले में पोस्टिंग नहीं दी जाएगी। हालांकि, सूत्रों ने बताया कि स्टेट हेडक्वार्टर में तैनात अधिकारियों को ट्रांसफर के निर्देश से छूट मिलेगी। चुनाव आयोग ने राज्य के मुख्य सचिव को इन निर्देशों का तुरंत पालन करने के लिए पत्र भेज दिया है। इन उपायों का मुख्य उद्देश्य सभी राजनीतिक दलों को बराबरी का मौका देना और चुनाव कराने वाले सरकारी तंत्र को और अधिक मजबूत बनाना है।


