
वॉशिंगटन : (WASHINGTON) अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (US President Donald Trump) ने ईरान से जल्द बातचीत की मेज पर आने की अपील की है। यह बयान ऐसे समय आया है, जब एक बड़ा अमेरिकी नौसैनिक बेड़ा पश्चिम एशिया की ओर बढ़ रहा है, जिससे क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है।
एक रेडियो इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ने बेहद शक्तिशाली नौसैनिक बल तैनात किया है और उम्मीद है कि इसका इस्तेमाल करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। बाद में अपने सोशल मीडिया मंच पर उन्होंने कहा कि यह बेड़ा तेजी से आगे बढ़ रहा है और पूरी तरह किसी भी मिशन को अंजाम देने में सक्षम है।
ट्रंप ने स्पष्ट किया कि अमेरिका का उद्देश्य युद्ध नहीं, बल्कि दबाव बनाकर बातचीत के जरिए समाधान निकालना है। उन्होंने ईरान से परमाणु हथियारों के मुद्दे पर “न्यायसंगत समझौता” (“fair agreement”) करने का आग्रह किया और चेतावनी दी कि समय तेजी से निकल रहा है। राष्ट्रपति ने यह भी कहा कि यदि वार्ता विफल होती है तो इसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं। उन्होंने अतीत के सैन्य अभियानों का जिक्र करते हुए संकेत दिया कि अगला कदम और भी कठोर हो सकता है।
ट्रंप ने इस कदम को इजराइल की सुरक्षा और क्षेत्रीय स्थिरता से भी जोड़ा। उनका कहना है कि अमेरिकी सैन्य ताकत का इस्तेमाल संघर्ष रोकने के लिए किया जा रहा है, लेकिन जरूरत पड़ने पर बल प्रयोग का विकल्प खुला रहेगा।


