
तेहरान/वाशिंगटन : (Tehran/Washington) ईरान में गुजर चुके साल के 28 दिसंबर से महंगाई के खिलाफ शुरू प्रदर्शन ने इस्लामी गणराज्य शासन की नींद उड़ा दी है। सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह अली खामेनेई (Supreme Leader Ayatollah Ali Khamenei) के प्रदर्शनकारियों को दंगाई कहने से लोगों का गुस्सा भड़क गया है। सारा देश हिंसा की लपटों से घिरा हुआ है। सुरक्षा बलों और नागरिकों के बीच टकराव में बड़े पैमाने पर जान-माल की क्षति हुई है। कई जगहों पर सरकारी संपत्ति को आग के हवाले कर दिया गया। गोलीबारी में मारे गए लोगों के प्रति चिंता जताते हुए अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को खामेनेई से मुक्त कराने का संकेत दिया है।
48 घंटों में कम से कम 2,000 लोग मारे गए
ईरान इंटरनेशनल (Iran International) ने विभिन्न वीडियो फुटेज के आधार पर प्रसारित रिपोर्ट में ईरान के मौजूदा सूरत-ए-हाल की विस्तार से चर्चा की है। सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि ईरान के सुरक्षा बल देश भर में प्रदर्शनकारियों पर जानलेवा बल प्रयोग कर रहे हैं। शुरुआती अनुमान है कि बड़े पैमाने पर लोग मारे गए हैं। देश में आठ जनवरी से इंटरनेट सेवा बंद है। तेहरान के दक्षिण में कहरीजाक से मिले वीडियो फुटेज में कई शव दिख रहे हैं। ऐसे ही वीडियो फरदीस, करज और पूर्वी तेहरान के अलगादिर अस्पताल (Alghadir Hospital in East Tehran) से पहले भेजे गए। इनमें भी शव नजर आ रहे हैं। ईरान इंटरनेशनल की रिपोर्ट में अनुमान लगाया गया है कि पिछले 48 घंटों में कम से कम 2,000 लोग मारे गए हैं। उत्तरी शहर रश्त के एक डॉक्टर के अनुसार, अकेले एक अस्पताल में कम से कम 70 शव पहुंचाए गए। इलम और करमानशाह के पश्चिमी प्रांत भी हिंसा से घिरे हुए हैं।
माता-पिता को चेतावनी, बच्चों की जान की परवाह है तो उन्हें सड़कों से दूर रखें
रिपोर्ट के अनुसार, जन आक्रोश को स्वीकार करने या लोगों से बातचीत करने के बजाय ईरान के नेतृत्व ने प्रदर्शनकारियों से निपटने के लिए कड़ा रुख अपनाया है। सरकारी टेलीविजन में कहा जा रहे है कि स्थिति पूरी तरह से नियंत्रण में है। शुक्रवार को सरकारी टेलीविजन में तो लोगों को धमकी तक दी गई। माता-पिता से कहा गया, “अगर वे अपने बच्चों की सुरक्षा की परवाह करते हैं तो उन्हें सड़कों से दूर रखें।” ईरान के सबसे ज्यादा देखे जाने वाले चैनलों में से एक चैनल-3 ने अशांति को देश पर एक सुनियोजित हमला बताया है। बुनियादी नागरिक अधिकारों की मांग करने वाले प्रदर्शनकारियों की निंदा की गई। तस्वीरों में सुरक्षा बलों को भीड़ पर आंसू गैस के गोले दागते और गोलियां चलाते हुए दिखाया गया। तेहरान के मेयर अलीरेजा जकानी (Tehran Mayor Alireza Zakani) ने कहा कि राजधानी में प्रदर्शनकारियों ने दर्जनों बसों और सरकारी इमारतों में आग लगा दी। यह प्रदर्शनकारी नहीं “आतंकवादी” हैं।
खामेनेई ने कहा-ताकत से मुकाबला करेंगेः ईरान के सरकारी टेलीविजन ने गत दिवस सर्वोच्च नेता अली खामेनेई का दिन भर भाषण प्रसारित किया। खामेनेई ने प्रदर्शनकारियों पर विदेशी दुश्मनों की तरफ से काम करने का आरोप लगाया। उन्होंने ताकत से निपटने की कसम भी खाई। कुछ चैनलों पर सिर्फ प्रदर्शनकारियों की हिंसा को दिखाया गया।
शासन के प्रतीकों पर हमलेः लोगों का गुस्सा इस कदर बढ़ गया है कि शासन के गढ़े गए प्रतीकों तक को तहस-नहस करने में आमादा हैं। इसका उदाहरण यह है कि पूर्व इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर के कुद्स फोर्स कमांडर कासिम सुलेमानी (Qassem Soleimani) की मूर्तियां गिरा दी गई हैं।
ईरान आजादी की तरफ देख रहा हैः ट्रंप
”ईरान आजादी की तरफ देख रहा है। अमेरिका मदद के लिए तैयार है।” यह बात अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (US President Donald Trump) ने शनिवार रात अपने ट्रुथ सोशल अकाउंट पर एक पोस्ट में कही। इससे पहले दिन में ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर रिपब्लिकन सीनेटर लिंडसे ग्राहम की एक पोस्ट को री-पोस्ट किया। इसमें उन्होंने विदेश मंत्री मार्को रूबियो के प्रदर्शनकारियों का समर्थन करने की तारीफ की और “मेक ईरान ग्रेट अगेन” का नारा इस्तेमाल किया। ग्राहम ने कहा था, ”मदद आ रही है। राष्ट्रपति ट्रंप ईरान को आजाद कराने के लिए तैयार हैं। ईरान के लोगों का आजादी का सपना जल्द पूरा होगा। ” इसके अलावा अमेरिकी हाउस रिप्रेजेंटेटिव क्लाउडिया टेनी (U.S. House Representative Claudia Tenney) ने कहा, “कृपया ईरान में एक हिंसक शासन के खिलाफ खड़े बहादुर पुरुषों और महिलाओं के लिए मेरे साथ प्रार्थना करें।” न्यूयॉर्क की रिपब्लिकन प्रतिनिधि ने अपने एक्स अकाउंट पर कहा, “एक क्रूर तानाशाह के खिलाफ शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन करने पर परिवार अपने बेटों और बेटियों को खो रहे हैं। यह चुप रहने का समय नहीं। चुप्पी केवल हत्यारों को ताकत देती है।”
कई एयरलाइंस ने ईरान के लिए उड़ानें रद्द कींः फॉक्स न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, लुफ्थांसा, फ्लाई दुबई, टर्किश एयरलाइंस, एजेट, पेगासस, कतर एयरवेज और ऑस्ट्रियन एयरलाइंस सहित कई एयरलाइंस ने ईरान के लिए अपनी उड़ानें रद्द और स्थगित कर दी हैं।


