नई दिल्ली : (New Delhi) वक्फ को लेकर राष्ट्रीय जनता दल (Rashtriya Janata Dal) (RJD) नेता और बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव (leader and former Deputy Chief Minister of Bihar Tejashwi Yadav) के बयान को लेकर भारतीय जनता पार्टी लगातार हमलावर है। मंगलवार को आरजेडी पर हमला तेज करते हुए भाजपा ने कहा कि उन्हें देश में शरिया कानून चाहिए। ये नमाजवादी बाबा साहेब का संविधान नहीं चाहते हैं और न ही संविधान का सम्मान करते हैं।
भाजपा मुख्यालय में मंगलवार को प्रेस वार्ता में प्रवक्ता गौरव भाटिया (spokesperson Gaurav Bhatia) ने कहा कि कल प्रेसवार्ता में भाजपा ने बड़ी प्रखरता से मुद्दा उठाया था कि जो बिहार में अपने आप को समाजवादी बताते हैं, उनका असली चेहरा नमाजवादी है। इनको केवल शरिया कानून चाहिए, इनको हलाला चाहिए। इनकी समझ है कि केवल एक धर्म विशेष का सशक्तिकरण हो।
गौरव भाटिया ने कहा कि पूर्व उप मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव कह रहे थे कि भारत की संसद से पारित वक्फ संशोधन कानून (Waqf Amendment Act) को कूड़ेदान में डाल देंगे। नमाजवादी और तुष्टिकरण के मसीहा मौलाना तेजस्वी यादव ये हमें बताइए कि क्या आपने कभी संविधान पढ़ा है, कभी उसकी मूल भावना को चरितार्थ किया है?
उन्होंने कहा कि यह कहना गलत नहीं होगा कि अगर किसी को जंगलराज देखना है तो लालू यादव, तेजस्वी यादव और आरजेडी (Lalu Yadav, Tejashwi Yadav and RJD) के शासन को देख लें। जंगलराज में सबसे पहले संविधान और कानून का शासन खत्म होता है और तेजस्वी यादव विपक्ष में बैठकर भी यही कर रहे हैं। अभी चुनाव की घोषणा भी नहीं हुई है, लेकिन लालू यादव, तेजस्वी यादव और आरजेडी पहले से ही विभाजनकारी, सांप्रदायिक राजनीति में गले तक डूबे हुए हैं। उन्होंने कहा कि आरजेडी की जहरीली सोच के खिलाफ एनडीए के घटक दल इनके मंसूबे को सफल होने नहीं देंगे।


