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Kannauj : अपहरण के बाद दुष्कर्म और आत्महत्या प्रकरण में दरोगा निलंबित

कन्नौज : ((Kannauj) अपहरण कर एक किशोरी को दिल्ली में बंधक बनाकर दुष्कर्म किया गया। पुलिस ने किशोरी को तीन दिन बाद बरामद कर लिया। उसके बयान के आधार पर एफआईआर तो दर्ज कर ली गई थी, लेकिन आरोपियों को पकड़ने में पुलिस द्वारा लापरवाही बरती गई। दुष्कर्म करने वालों से किशोरी और उसके परिजनों को लगातार धमकियां मिल रहीं थी। इससे परेशान होकर किशोरी ने सुसाइड कर लिया। पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने इस घटना का संज्ञान लेते हुए लापरवाही बरतने वाले उपनिरीक्षक को निलंबित कर दिया है।

सौरिख थाना क्षेत्र में एक गांव की रहने वाली किशोरी 11 जुलाई को शौच के लिए घर से निकली तो वापस नहीं लौटी। पिता की तहरीर पर सौरिख थाना पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर 14 जुलाई को उसे बरामद कर लिया था। किशोरी ने अपने बयान में बताया कि दो युवक पुनीत और भोले ने उसे जबरदस्ती बाइक पर बैठाकर उसको दिल्ली ले गए थे। यहां पर एक कमरे में बंधक बनाकर उसके साथ दुष्कर्म किया।

किशोरी के बयान के आधार पर पुलिस ने युवकों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली, लेकिन आरोपितों को पकड़ने में पूरी हीलाहवाली बरती गई। इधर आरोपित लगातार किशोरी और उसके परिजनों को मुकदमा वापस लेने के लिए धमकाना शुरू कर दिया। इ ससे परेशान होकर किशोरी ने सुसाइड कर लिया। इस घटना को लेकर किशोरी के भाई ने हजरतपुर निवासी पुनीत, कुलदीप और भोले के खिलाफ तहरीर देते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई है।

आरोपियों को पकड़ने में पुलिस की लापरवाही सामने आने पर पुलिस अधीक्षक ने सौरिख थाने के एसआई मान सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। मामले में विभागीय कार्रवाई के आदेश दिए हैं। वहीं, पुलिस के दावे के अनुसार रेप पीड़ित किशोरी ने अपने बयान में कहा कि उसका अपहरण करके दिल्ली ले जाने वाले युवकों के नाम उसे नहीं पता थे। लेकिन जब वह दोनों युवक उसे वापस छोड़ने आए थे। तब किशोरी को उसके स्कूल के टीचर मिल गए और उन्होंने ही दोनों लड़कों के नाम पुनीत व भोले बताए थे।

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