
जयपुर: (Jaipur) राजधानी जयपुर (capital Jaipur) में श्री हनुमान जन्मोत्सव बड़े ही धूमधाम से मनाया जा रहा है। भक्तों में संकटमोचन श्री हनुमान के जन्मोत्सव को लेकर उत्साह नजर आ रहा है। शहर के हनुमान मंदिरों (city’s Hanuman temples) में भगवान का दूध, दही, शहद, घी और गंगाजल से विशेष अभिषेक कर श्रंगार किया गया और नई पोशाक धारण करवाई गई।
जन्मोत्सव पर हनुमान मंदिरों में श्रद्धालुओं की अपार भीड़ नजर आई और हनुमान जी के जयकारे गूजें। भक्तजनों ने हनुमान जी का दर्शन कर प्रसाद अर्पित कर संकट हरण की कामना की। मंदिरों में पूजा पाठ के बाद श्रद्धालुओं को प्रसाद का वितरण किया गया। हनुमान जन्मोत्सव के अवसर पर छोटी काशी हनुमान चालीसा की चौपाइयों से गुंजायमान हुई।
शहर के प्रसिद्ध हनुमान चांदपोल हनुमान, खोले के हनुमान, पेट्रोल पंप वाले हनुमान मंदिर, काला हनुमान मंदिर, सांगानेरी गेट हनुमान मंदिर,दिल्ली बाईपास स्थित पंचमुखी हनुमान मंदिर सहित अन्य हनुमान मंदिरों में हनुमान जी का दुग्धाभिषेक,श्रंगार कर आरती की गई। इससे पहले सभी मन्दिरों को फूलों सजाया गया व भगवान को फूल बंगले में विराजमान कराया गया। कई जगह सुंदरकांड का पाठ हो रहे। है। इसके अलावा दर्जनों स्थानों से प्रसिद्ध हनुमान मंदिरों के लिए पदयात्राएं पहुंच रही है। वहीं पूर्व संध्या पर बुधवार को शहर के प्रमुख मंदिर खोले के हनुमान, घाट के बालाजी, चांदपोल, पापड़ के हनुमान, पूर्व-पश्चिमी मुखी, काले हनुमान, पंचमुखी हनुमान मंदिरों में विशेष रोशनी की गई।
जीमें भगवान बाटी-चूरमा
चांदी की टकसाल स्थित काले हनुमान जी मंदिर में महंत गोपाल दास के सान्निध्य में पंचामृत अभिषेक हुआ। युवाचार्य पंडित योगेश शर्मा ने बताया कि गुरुवार सुबह संगीतमय सुंदरकांड सहित विशेष झांकी सजाई गई। इधर 16 वीं विशाल ध्वज पदयात्रा मोतीडूंगरी गणेश मंदिर से रवाना होकर प्रमुख मार्गाे से होते हुए मंदिर पहुंची। इधर पुराना घाट स्थित जयपुर के कुल देवता के रूप में प्रसिद्ध घाट के बालाजी मंदिर में स्वामी सुदर्शनाचार्य महाराज के सान्निध्य में अभिषेक कर चोला चढ़ाया गया। बालाजी को बाटी और चूरमा का भोग लगाया गया। इसके अलावा सांगानेरी गेट स्थित पूर्वमुखी हनुमान जी मंदिर में पंचामृताभिषेक के बाद बाद सवा किलो सिंदूर का चौला चढ़ाया गया। करतारपुर स्थित मनसापूरण हनुमान मंदिर में सुबह दुग्धाभिषेक के बाद रुद्र पाठ हुए। 11 हजार लड्डुओं का भोग अर्पित कर महाआरती की गई।
मंदिर श्री खोले के हनुमान हनुमान जी की सजी झांकी
मंदिर श्री खोले के हनुमान जी में हनुमत जन्मोत्सव पर सुबह 7 बजे 108 औषधि द्रव्यों, विभिन्न तीर्थों के जल से मंत्रोच्चारण के साथ अभिषेक किया गया। सुबह 9 बजे षोडशोपचार पूजन और श्रंगार किया गया। राजभोग झांकी के बाद विशेष उत्सव आरती की कर हवन किया गया।
हाथोज धाम में बालाजी को सिंदूर चोला अर्पित
हाथोज धाम में हनुमान जन्मोत्सव महोत्सव बड़ी धूमधाम से मनाया जा रहा है । हाथोज धाम के महंत स्वामी बालमुकुंद आचार्य के सानिध्य में ने तहत प्रातः बालाजी को सिंदूर चोला अर्पित किया गया। नवीन पोशाक धारण की गई तथा पंचामृत का अभिषेक किया गया। श्री बालाजी सेवक परिवार की ओर से सुंदरकांड पाठ का आयोजन किया गया।
दुग्धाभिषेक कर हनुमान जी को कराई नूतन पोशाक धारण
इधर श्री वेद माता गायत्री मंदिर भांकरोटा में दक्षिण मुखी हनुमान जी के धर्म प्रचारक विजय शंकर पाण्डेय के सानिध्य में विश्व जन कल्याण के लिए हनुमान जन्मोत्सव पर प्रातः दुग्धाभिषेक कर नुतन पोशाक धारण कराई गई। हनुमान चालीसा के 108 पाठ कर आरती कर प्रसाद वितरण किया गया।
12 फीट के हनुमान जी हवा में उड़कर शहरवासियों को दर्शन देंगे
हनुमान जन्मोत्सव पर हनुमंत शोभयात्रा समिति की ओर से 37 वीं शोभायात्रा सांगानेरी गेट हनुमान मंदिर से शाम छह बजे रवाना होगी। इससे पहले सभी झांकियां रामलीला मैदान में तैयार होकर रवाना होगी। समिति के अध्यक्ष शंकरलाल अग्रवाल, संरक्षक ध्रुवदास अग्रवाल ने बताया कि पहली बार स्वर्ण मंडित रथ में हनुमान जी 100 साल पुराना रियासत काल का बायें हाथ से आशीर्वाद देते हुए हनुमान जी का विग्रह खास होगा। बंगाल के कारीगरों की ओर से खास इलेक्ट्रॉनिक झांकियां तैयार की है। इसमें 12 फीट के हनुमान जी राम भजन करते हुए उड़ेंगे। गरूड पर भगवान गणेश, राम लक्ष्मण को हाथ में लेकर उड़ते हुए,संपूर्ण राम दरबार भी आर्शीवाद देंगे। 28 रथों के साथ ही शहर के प्रमुख दस से अधिक प्राचीन मंदिरों के विग्रह भी खास होंगे। इस शोभायात्रा के स्वागत के लिए 40 मंच बनाए हैं। विभिन्न बाजारों से होते हुए शोभायात्रा खजाने वालों के रास्ते से होते हुए चांदपोल हनुमान जी पहुंचेंगी।


